Adani Group Latest Update: अडानी एंटरप्राइजेज (Adani Enterprises) को Dow Jones ने बड़ा झटका दिया है. Dow Jones ने S&P इंडेक्स से हटाने का फैसला लिया है. Dow Jones न्यूयॉर्क अमेरिका का स्टॉक एक्सचेंज है. Dow Jones के फैसला का प्रभाव ये हुआ है कि अडानी एंटरप्राइजेज में लोअर सर्किट लग गया है. अडानी एंटरप्राइजेज के शेयर धड़ाम हो गए हैं. Dow Jones के फैसले के बाद बड़ी गिरावट देखने को मिली. अडानी पावर पर भी लोअर सर्किट लगा. अडानी पोर्ट भी 10% तक गिर गया. अडानी ग्रीन एनर्जी और अडानी टोटल गैस पर भी लोअर सर्किट लगा. अडानी विल्मर पर भी 5% लोअर सर्किट लग गया है. इसके अलावा अडानी पोर्ट के F&O स्टॉक की खरीदारी पर NSE ने रोक लगा दी है.


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अडानी ग्रुप पर NSE का बड़ा फैसला


बता दें कि अडानी ग्रुप पर NSE ने बड़ा फैसला शेयरों में भारी उतार-चढ़ाव को रोकने के मकसद से लिया है. NSE ने अडानी पोर्ट के F&O स्टॉक खरीदारी पर रोक लगाई है. जान लें कि अडानी पोर्ट और एंटरप्राइजेज सर्विलांस पर हैं. उनके शेयरों की निगरानी की जा रही है. हिंडनबर्ग की रिपोर्ट के बाद अडानी एंटरप्राइजेज का बुरा हाल हो गया है.



ASM के दायरे में अडानी ग्रुप की 3 कंपनियां


गौरतलब है कि शेयरों में हो रही भारी गिरावट के बीच अडानी एंटरप्राइजेज सहित अडानी ग्रुप की 3 कंपनियां शेयर मार्केट बीएसई (BSE) और एनएसई (NSE) के एडिशनल शॉर्ट टर्म मॉनिटरिंग (ASM) सिस्टम के दायरे में आ गई हैं. इसके अलावा अडानी पोर्ट्स एंड एसईजेड व अंबुजा सीमेंट्स भी एडिशनल शॉर्ट टर्म मॉनिटरिंग सिस्टम के दायरे में आ गई हैं.


हिंडनबर्ग रिपोर्ट के बाद शेयर धड़ाम


अमेरिकी इन्वेस्टमेंट रिसर्च फर्म हिंडनबर्ग रिसर्च की एक रिपोर्ट में अडानी ग्रुप पर गंभीर आरोप लगाए हैं. इसके बाद से अडानी ग्रुप की सभी कंपनियों के शेयरों में भारी गिरावट आ गई. अडानी एंटरप्राइजेज के शेयर की वैल्यू करीब 60 फीसदी तक गिर चुकी है.


एक रिपोर्ट से अरबों स्वाहा!


  रिपोर्ट से बाद रिपोर्ट के पहले गिरावट % में
अडानी एंटरप्राइजेज 2135 3442 -38
अडानी पोर्ट 495.2 761 -35
अडानी विल्मर 443.2  572 -23
अडानी ट्रांसमिशन 1724 2762 -38
अडानी पावर 212.7 275 -23
अडानी ग्रीन एनर्जी 1155 1917 -40
अडानी टोटल गैस 1897 3891 -51
अंबुजा सीमेंट 334.1 499 -33
एसीसी सीमेंट 1846 2386 -21

शेयर मार्केट के जानकारों के अनुसार, किसी शेयर के एएसएम सिस्टम में आने का मतलब है कि किसी कारोबारी दिन में ही संपन्न किए जाने वाले शेयर खरीद-बिक्री के लिए 100 फीसदी अग्रिम मार्जिन की आवश्यकता होगी.


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