Yamunanagar Dengue Fever: बरसात का मौसम चल रहा है, जिससे जलभराव की स्थिति जगह-जगह देखने को मिल रही है. इस कारण पानी में पनप रहे मच्छरों को कांटने से बीमारियां भी फैलने लगी है. यमुनानगर के अस्पतालों में मरीजों की संख्या में इजाफा हुआ है. ज्यादातर मरीजों के जोड़ों में और पीठ में दर्द की समस्या आ रही है. ऐसे में जिले में डेंगू (Dengue) और चिकनगुनिया (Chikungunya) के केस सामने आने लगे हैं. 


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यमुनानगर में डेंगू और चिकनगुनिया के 5-5 केस आए सामने (Dengue Cases in Yamunanagar)
उत्तर भारत में मौसम बदलने के साथ ही बीमारियों का प्रकोप बढ़ने लगा है. हरियाणा में जुलाई महीने में हुई मूसलाधार बारिश से जगह-जगह पानी जमा होने लगा है. यमुनानगर जिले में भी इसका असर अच्छा खासा देखने को मिला है. परिणाम यह रहा कि जिले में डेंगू और चिकनगुनिया के 5-5 केस सामने आए हैं. जहां बीमारियों का खतरा बढ़ते देख यमुनानगर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट मोड पर आ नजर आ रहा है. 


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प्रशासन ने जिले के अस्पतालों में किए बेड रिजर्व (Beds Reserved for Dengue Patients In Hospitals)
प्रशासन ने एहतियात के तौर पर डेंगू के मरीजों को देखते हुए यमुनानगर सिविल अस्पताल में 10 बेड, जगाधरी सिविल अस्पताल में 5 बेड और ईएसआई में 4 बेड को रिजर्व कर दिए गए हैं. सिविल अस्पताल के सीएमओ सुशीला सैनी ने बताया डेंगू के साथ चिकनगुनिया के केस में भी इजाफा हुआ है. चिकनगुनिया के 100 सैंपल लिए गए, जिनमें 5 केस पॉजिटिव पाए गए. वहीं उन्होंने प्राइवेट अस्पताल और लैब को हिदायत दी है कि चिकनगुनिया के टेस्ट 600 रूपये से कम से फीस ली जाए.


यमुनानगर स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को बताया बीमारी होने का कारण (Causes of Dengue and Chikungunya)
यमुनानगर स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि घरों के आसपास पानी जमा ना होने दें. इससे बीमारियों का खतरा बढ़ता है और डेंगू और चिकनगुनिया जैसी बीमारियों  से निजात पाने में थोड़ी कठिनाई जरूर आती है.


INPUT: KULWANT SINGH