वेदेन्द्र प्रताप शर्मा/आजमगढ़: यूपी के आजमगढ़ से सांसद दिनेश लाल यादव उर्फ निरहुआ तिरंगा झंडा वितरण कार्यक्रम में शामिल होने शहर के मातंवरगंज पहुंचे. इस दौरान उन्होंने हर घर तिरंगा कार्यक्रम को सफल बनाने की अपील की. इस दौरान उन्होंने साबुन का उदाहरण देते हुए इशारों-इशारों में निशाना साधा उन्होंने कहा कि कुछ कीटाणु बच जाते हैं, उन्हें निकालने का काम कर रहे हैं. आइए आपको बताते हैं उन्होंने ऐसा क्यों कहा.


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निरहुआ के साबुन और कीटाणु का ये है गणित
आपको बता दें कि पिछले दिनों आजमगढ़ से एक संदिग्ध आतंकवादी के पकड़े जाने के मामले पर उन्होंने कहा कि साबुन का प्रचार सभी लोग देखते हैं. इसमें सभी कीटाणुओं को मारने की बात की जाती है. हालांकि, 99.9 प्रतिशत कीटाणु मर जाते हैं, लेकिन कुछ कीटाणु बच जाते हैं तो जो कीटाणु बचते हैं, उनको निकालने का वह काम कर रहे हैं.


बदल रही है आजमगढ़ की पहचान: निरहुआ
निरहुआ ने कहा कि आजमगढ़ की पहचान बदल रही है. पहले कहीं भी बम विस्फोट होता था, उसके बाद आजमगढ़ से आतंकवादी पकड़े जाते थे. अब विस्फोट से पहले ही पकड़े जा रहे हैं. वहीं, प्रशासनिक शिथिलता के चलते कई योजनाओं के लटकने के सवाल पर उन्होंने कहा कि उसको सक्रिय कराएंगे. जल्द से जल्द जो भी योजनाएं परियोजनाएं हैं. उनको बजट दिलाने का काम करेंगे.


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विपक्ष को लेकर सांसद ने कही ये बात
बता दें कि विपक्ष द्वारा तिरंगा और तिरंगा यात्रा को लेकर उठाए जा रहे सवालों को लेकर निरहुआ ने  कहा, "वह हर चीज का विरोध करते हैं और उसमें फंस जाते हैं. इसलिए उनको बार-बार हार का सामना करना करना पड़ता है. चाहे गुंडों पर बुलडोजर चलाने का मामला हो या वैक्सीन लगाने का विरोध हो, हर बार उनको मुंह की खानी पड़ी है. इस बार भी वह फंस गए हैं."


आजमगढ़ के विकास के संबंध में कई बड़े नेताओं से मिले
आजमगढ़ के विकास के सवाल पर सांसद ने बताया, संसद का सत्र चल रहा था. इस दौरान वह कई बड़े नेताओं से आजमगढ़ के विकास के संबंध में मिले. हर जगह से उनको भरपूर भरोसा मिला. चाहे वह आजमगढ़ से गोरखपुर रेल मार्ग का हो, देवारा में पुल का हो या अन्य पुल व सड़कों का मामला हो.उन्होंने कहा कि हवाई अड्डे के संचालन का मामला हो, सभी जगह से उनको पूरी तरह से मदद का भरोसा मिला है. इसके लिए वह लगातार प्रयास करते रहेंगे. 


इंटरनेशनल स्टेडियम के लिए भी की खेल मंत्री से बात
उन्होंने कहा कि अब संसद सत्र खत्म हो गया है. वह आजमगढ़ में ही रहेंगे. उनका कार्यालय खुल गया है. जहां वह लोगों से संपर्क करेंगे. उन्होंने कहा कि आजमगढ़ में इंटरनेशनल स्टेडियम के लिए भी उन्होंने खेल मंत्री से बात की थी. हालांकि, यहां पर जो सुविधाएं मौजूद हैं, वह उनको पहले ठीक कराने का काम वह करेंगे.


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