Sourav Ganguly Statement: भारत के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने अजिंक्य रहाणे को दोबारा टीम इंडिया का टेस्ट उपकप्तान बनाए जाने के फैसले के बाद BCCI पर कई गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. BCCI के पूर्व अध्यक्ष सौरव गांगुली भारतीय क्रिकेट बोर्ड के इस फैसले से नाखुश नजर आए और उन्होंने अपने एक बयान से तहलका मचा दिया. सौरव गांगुली इस फैसले से बेहद हैरान हैं कि 18 महीने तक टीम इंडिया से बाहर चल रहे एक खिलाड़ी को अचानक वापसी करने पर BCCI ने कैसे भारतीय टेस्ट टीम का उपकप्तान बना दिया. 


COMMERCIAL BREAK
SCROLL TO CONTINUE READING

रहाणे को उपकप्तान बनाने से भड़के गांगुली


35 साल के दिग्गज बल्लेबाज अजिंक्य रहाणे डेढ़ साल तक भारतीय टेस्ट टीम से बाहर चल रहे थे. साल 2021 में अजिंक्य रहाणे से भारतीय टेस्ट टीम की उपकप्तानी छीन ली गई थी, उस समय सौरव गांगुली BCCI के अध्यक्ष हुआ करते थे. सौरव गांगुली ने अजिंक्य रहाणे को लेकर BCCI पर निशाना साधते हुए कहा, 'आप 18 महीने तक टीम इंडिया से बाहर रहते हैं, उसके बाद अचानक वापसी पर एक टेस्ट मैच खेलने के बाद ही भारतीय टेस्ट टीम के उपकप्तान बनाए जाते हैं. मुझे इस फैसले के पीछे की वजह बिल्कुल समझ नहीं आई. टीम इंडिया के पास रवींद्र जडेजा का विकल्प था, जिन्हें लंबे समय से टेस्ट क्रिकेट खेलने का अनुभव है, लेकिन वापसी के तुरंत बाद सीधे उप-कप्तान बनाना, मुझे समझ नहीं आता. चयन में निरंतरता होनी चाहिए. चयन गर्म या ठंडा नहीं होना चाहिए.' 


इस धुरंधर को बताया असली दावेदार


भारतीय चयनकर्ताओं ने चेतेश्वर पुजारा जैसे दिग्गज बल्लेबाज को टेस्ट टीम से बाहर करके बदलाव का बड़ा कदम उठाया है और सौरव गांगुली चाहते हैं कि भारत के लिए 100 से अधिक टेस्ट खेल चुके दिग्गज बल्लेबाज चेतेश्वर पुजारा के साथ सेलेक्टर्स को अच्छी तरह से संवाद करना चाहिए. सौरव गांगुली ने कहा, 'सेलेक्टर्स को चेतेश्वर पुजारा को लेकर अपनी बात साफ तौर पर रखनी चाहिए कि क्या उन्हें अब उनकी टेस्ट क्रिकेट में जरूरत है या वे युवाओं के साथ खेलना जारी रखना चाहते हैं. पुजारा जैसे किसी दिग्गज बल्लेबाज को बाहर नहीं किया जा सकता, फिर चुना, फिर बाहर किया जा सकता है और फिर चुना गया. अजिंक्य रहाणे के साथ भी ऐसा ही है.'


सरफराज खान को नजरअंदाज करने पर ये बोले गांगुली 


वेस्टइंडीज दौरे के लिए सरफराज खान को नजरअंदाज किए जाने पर सौरव गांगुली ने कहा, 'सरफराज खान जैसे धुरंधर बल्लेबाज को खुद को साबित करने का मौका मिलना चाहिए, जो आईपीएल में अच्छा प्रदर्शन नहीं कर सके. मुझे लगता है कि यशस्वी जयसवाल ने रणजी ट्रॉफी, ईरानी ट्रॉफी, दलीप ट्रॉफी में बहुत सारे रन बनाए हैं. मुझे लगता है कि इसीलिए वह टीम में हैं. मैं सरफराज खान के लिए अफसोस महसूस करता हूं. किसी समय उन्हें इतने रन बनाने का मौका मिलना चाहिए उन्होंने पिछले तीन वर्षों में स्कोर किया है.'


इस धारणा से खुश नहीं हैं सौरव गांगुली


सौरव गांगुली ने कहा, 'अभिमन्यु ईश्वरन के लिए भी यही बात है कि उन्होंने पिछले पांच से छह वर्षों में बहुत सारे रन बनाए हैं. मुझे आश्चर्य है कि उन दोनों को नजरअंदाज कर दिया गया, लेकिन उन्हें भविष्य में मौका मिलना चाहिए, लेकिन यशस्वी जयसवाल एक अच्छा चयन हैं.' सौरव गांगुली ने सरफराज खान को दिल्ली कैपिटल्स में क्रिकेट निदेशक के रूप में करीब से देखा है और वह इस धारणा से खुश नहीं हैं कि वह तेज गेंदबाजी नहीं खेल सकते. सौरव गांगुली ने कहा, 'अगर आप सरफराज खान को तेज गेंदबाजी के खिलाफ नहीं खिलाते तो आपको कैसे पता?' सौरव गांगुली ने कहा, 'सरफराज खान को अगर दिक्कत होती तो वह इतने रन नहीं बनाते. मेरा निजी तौर पर मानना है कि उन्हें तेज गेंदबाजी के खिलाफ कोई दिक्कत नहीं है और उन्हें मौका दिया जाना चाहिए.'