Chanakya Niti for Women : आचार्य चाणक्य के नीति शास्त्र सबसे ज्यादा प्रासंगिक हैं. चाणक्य ने अपने नीति शास्त्र के सिद्धांतों में महिला, पुरुष, देश, समाज, सत्ता, अर्थव्यवस्था, विदेशों के साथ संबंध को लेकर अपने सिद्धांत दिए हैं. चाणक्य ने अपने नीति शास्त्र के सिद्धांतों में स्त्री और पुरुष के बीच के संबंधों पर भी कई बातें कही है. आचार्य चाणक्य एक महान अर्थशास्त्री और कूटनीतिज्ञ थे और उनके बताए गए नीति शास्त्र के सिद्धांतों का लाभ सामान्य जीवन में भी लोगों को मिलता है. अपने नीति शास्त्र में आचार्य चाणक्य स्त्रियों की उन गलतियों के बारे में बताते हैं जिसको करने के बाद वह जिंदगी में पीछे रह जाती हैं, उनकी इच्छाओं का दमन हो जाता है और वह बाद में इसके लेकर पछताती हैं. 


COMMERCIAL BREAK
SCROLL TO CONTINUE READING

चाणक्य कहते हैं कि स्त्रियों में पुरुषों से चार गुना ज्यादा बुद्धि,  6 गुना ज्यादा साहस और 8 गुना ज्यादा कामुकता होती है. फिर भी स्त्रियां इन को मारकर अपने आप को संयमित बनाए रखने का प्रयास करती हैं और फिर ऐसा होता है की उन्हें पीछे मुड़कर देखने के बाद अपने किए पर पछतावा होता है. 


पुरुष पर निर्भरता
महिलाओं या स्त्रियों की पुरुषों पर निर्भरता चाहे परिवार में हो या कहीं भी उनको पीछे धकेलते जाती है. ऐसे में परिवार में या कहीं भी महिलाओं को केवल पुरुषों के भरोसे पर नहीं छोड़ना चाहिए, उन्हें भी आत्मनिर्भर बनाने की कवायद तेज करनी चाहिए. ताकि वह हालातों का डटकर मुकाबला कर सके. अगर ऐसा नहीं किया जाए तो किसी भी महिला का अस्तित्व ही खतरे में पड़ जाता है. ऐसे में महिलाओं को शिक्षित और मजबूत बनाना चाहिए, उसे आत्मनिर्भर बनने देना चाहिए जिससे वह हर समस्या और हर विपरित परिस्थिति से लड़ने में सक्षम हो सके. 


पुरुषों से ज्यादा बुद्धिमान होती हैं महिलाएं 
चाणक्य की मानें तो महिलाओं में बुद्धिमता पुरुषों से 4 गुना ज्यादा होती है, वह परिस्थितियों से तालमेल बिठाने में माहिर होती हैं. वह हर समस्या से बाहर निकलने का बेहतर विकल्प जानती हैं. ऐसं में उनकी बुद्धि को केवल और केवल समझने की जरूरत है. 


साहस में पुरुषों से 6 गुना ज्यादा 
पुरुषों के मुकाबले महिलाएं 6 गुणा ज्यादा साहसी होती हैं. ऐसे में महिलाएं विषम से विषम परिस्थितियों का मुकाबला पुरुषों से ज्यादा बेहतर तरीके से करती हैं. ऐसे में महिलाएं अगर शारीरिक शक्ति से संपन्न हो जाएं तो वह पुरुषों से ज्यादा बुरे वक्त का मुकाबला कर पाएंगी. 


कामुकता भी पुरुषों से 8 गुना ज्यादा
लज्जा या शर्म से भरी महिला को देखकर आप यह अंदाजा ना लगाएं की महिलाएं कामुक नहीं होती हैं. आपको बता दें कि महिलाएं पुरुषों की तुलना में आठ गुना अधिक कामुक होती हैं. ऐसे में महिलाएं कुल और वंश की मर्यादा का ख्याल पुरुषों से ज्यादा रखती हैं और अपने कामुकता को वह सरेआम जाहिर नहीं करतीं.


ये भी पढ़ें- Chanakya Niti: जानें रूपवान पत्नी का होना कैसे पति के लिए बन जाता है श्राप