राजगीर: Malmas Mela 2023: मंगलवार से राजगीर में मलमास मेला शुरू होने वाला है. ऐसे में पर्यटन विभाग ने अपनी पूरी तैयारी कर ली है. ऐसी मान्यता है कि मलमास के दौरान 33 कोटि देवी-देवता राजगीर में ही प्रवास करते हैं. मलमास के दौरान देश में कहीं भी पूजा-पाठ और शादी समारोह आदि शुभ कार्य नहीं होता है. प्रशासन का ये अनुमान है कि इस एक महीने में करीब 50 लाख से अधिक लोग के राजगीर पहुंचेंगे.


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पर्यटन विभाग ने राजगीर आने वाले श्रद्धालुओं को ठहरने के लिए 5000 क्षमता वाली टेंट सिटी का निर्माण कराया है. इसके अलावा राजगीर के 50 से अधिक बड़े होटल भी मलमास मेले के लिए तैयार है. इन होटलों में करीब 1000 से अधिक कमरे हैं. सोमवार से टेंट सिटी को आम लोगों के लिए खोल दिया जाएगा. मेला 18 जुलाई से शुरू होकर 16 अगस्त तक चलने वाला है.


पर्यटन सचिव अभय कुमार सिंह ने बताया कि सांस्कृतिक एवं धार्मिक रूप से मलमास महीना बहुत महत्वपूर्ण है. इस महीने पर बड़ी संख्या में लोग राजगीर आते हैं और पूजा-पाठ करने के बाद के यहां की प्राकृतिक सौंदर्य के साथ-साथ मेले का आनंद उठाते हैं. मेला परिसर की साफ-सफाई के लिए पूरी व्यवस्था है. राजगीर के विभिन्न स्थलों पर 48 ट्रैफिक पोस्ट बनाए गए है, ताकि लोगों को आने जाने में कोई परेशानी नहीं हो. साथ ही सूर्यकुंड परिसर में सीता कुंड, गणेश कुंड, सूर्य कुंड, चंद्रमा कुंड, अहिल्या कुंड, राम-लक्ष्मण कुंड की मरम्मत का कार्य पूरा कर लिया गया है. मलमास मेला के दौरान राजगीर में स्थित 22 कुण्ड एवं 52 धाराओं में श्रद्धालु स्नान करते हैं. सप्तधारा परिसर तथा ब्रह्मकुंड का जीर्णोद्धार मेला के पहले कराया गया था.


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