Emergency Call Boxes in Ahmedabad: अगर आप गुजरात के अहमदाबाद में रहते हैं तो खंभों पर लगे ऐसे बॉक्स जरूर देखें होंगे, लेकिन आपके भी मन में ये सवाल आ रहा होगा कि आखिर ये लगाए क्यों गए हैं. तो चलिए हम आपको बताते हैं कि ये क्या है और इसे क्यों लगाए गए हैं. इस बक्से के सामने खड़े होकर लोग क्या कर रहे हैं? दरअसल, आप अहमदाबाद में हों और किसी तरह की अनहोनी हो गई तो अब बहुत चिंता करने की जरूरत नहीं है. पुलिस अब हर हाल में आपकी मदद करेगी. बस आपको इस बॉक्स में लगे हेल्प बटन का दबाना होगा. जिस इलाके में घटना हुई है, वहां इमरजेंसी कॉल बॉक्स (ECB) में लगे बटन को दबाना है और पुलिस आपकी मदद के लिए आ जाएगी. शहर में 205 क्षेत्रों में आपातकालीन कॉल बॉक्स लगाए गए हैं.


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अहमदाबाद में लगाए गए हैं ऐसे 205 बॉक्स


अहमदाबाद के विशेष पुलिस आयुक्त अजय कुमार चौधरी ने बताया, 'महिलाओं, बच्चों और वरिष्ठ नागरिकों की सुरक्षा के लिए, हमने 205 क्षेत्रों में आपातकालीन कॉल बॉक्स (ECB) लगाए हैं. इसलिए अगर किसी को कोई समस्या आती है तो वे इसे दबा सकते हैं और पुलिस नियंत्रण कक्ष को एक वीडियो कॉल मिलेगी और पुलिस तुरंत मदद के लिए आएगी. यह एक टू-वे कम्युनिकेशन सिस्टम है. यह 'निर्भया सेफ सिटी' परियोजना के तहत एक पहल है. केंद्र और राज्य सरकारों ने इसके लिए धन दिया है. हमें हर रोज औसतन 50 कॉल आती हैं.'



कैसे काम करता है आपातकालीन कॉल बॉक्स?


अहमदाबाद की सड़कों पर लगा आपातकालीन कॉल बॉक्स (ECB) एक टू-वे कम्युनिकेशन सिस्टम है. इस बॉक्स में इमरजेंसी बटन के साथ माइक, स्पीकर और कैमरा लगा है. किसी भी अनहोनी पर अगर कोई इस मशीन में लगे बटन को दबाता है तो पुलिस कंट्रोल रूप में एक वीडियो कॉल चली जाएगी और आप पुलिस कंट्रोल रूम से कनेक्ट हो जाएंगे. इसके बाद आप अपनी समस्या बता सकते हैं और पुलिस तुरंत आपकी मदद के लिए पहुंच जाएगी.



बॉक्स से इन लोगों को होगा फायदा


इमरजेंसी कॉल बॉक्स (ECB) लगाए जाने से सबसे ज्यादा फायदा महिलाओं, बच्चों और वरिष्ठ नागरिकों को होगा. इस सिस्टम से उन लोगों को फायदा होगा, जो शहर में अकेले या असुरक्षित महसूस कर रहे हों.