Bhopal News: बाबा महाकाल की नगरी उज्जैन से 5 लाख लड्‌डुओं का प्रसाद अयोध्या के लिए भेज दिया गया है. खुद सीएम मोहन यादव ने भोपाल के मानस भवन से पांच कंटेनरों को हरी झंडी दिखाकर उज्जैन रवाना किया. इस दौरान कांग्रेस के निमंत्रण अस्वीकार करने पर सीएम मोहन यादव ने बड़ा बयान दिया है. सीएम ने कहा कि जिन लोगों ने निमंत्रण अस्वीकार किया है वह लोग तो अभागे हैं. लेकिन मैं अभी भी सोच रहा हूं कि शायद उन्हें 22 जनवरी तक सद्बुद्धि आ जाए. 


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शायद सद्बुद्धि आ जाए 


सीएम मोहन यादव ने कहा 'जिन लोगों ने आमंत्रण स्वीकार किया है, भगवान ऐसे लोगों को सद्बुद्धि दें, ऐसे लोग बाद में ही सही मगर भगवान राम का आशीर्वाद जरूर लेने जाएं. क्योंकि 56 इंच वाले का दम कितना है हम लोगों को ये मालूम है. सुप्रीम कोर्ट के नियम को लागू कराने में सरकार की बड़ी भूमिका रही है. राम मंदिर के मामले में हिन्दू-मुस्लिम सबको एक किया, इस आयोजन से समाजिक सौहार्द का अद्भुत वातावरण बनाया गया है.'


कुछ लोग राजनीति कर रहे हैं 


सीएम ने कहा 'सब खुश हैं, लेकिन वोट के आधार पर कुछ लोग राज ढूंढ रहे हैं. लेकिन हम मिठास कायम करने के लिए लड्डू भेज रहे हैं, यह मिठास कायम रहे इसलिए लड्डूओं को अयोध्या भेजा जा रहा है. मुख्यमंत्री ने कहा 'जब भी आप घर से निकले तो ओम नम: शिवाय का स्मरण जरूर करिए. क्योंकि उज्जैन और अयोध्या का संबंध दो हजार साल पुराना है, जबकि 500 सालों के संघर्ष के बाद अब राम मंदिर बन रहा है. सीएम ने बताया कि पीएम मोदी ने कहा कि अभी एक साथ सभी को अयोध्या नहीं आना है, लेकिन जब हमारे प्रदेश का नंबर आएगा तो अयोध्या जाएंगे.'


कांग्रेस ने निमंत्रण किया अस्वीकार 


बता दें कि कांग्रेस आलाकमान के नेताओं ने राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा के आयोजन में शामिल होने का निमंत्रण अस्वीकार कर दिया है. कांग्रेस की तरफ से पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और पूर्व अध्यक्ष सोनिया गांधी को निमंत्रण भेजा गया था. लेकिन दोनों नेताओं ने निमंत्रण अस्वीकार कर दिया है. ऐसे में इस मामले पर जमकर सियासत हो रही है. 


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