Jalalabad Qila: विधायक अशरफ अली का घर या राजपूतों का किला? समिति की प्रशासन को धमकी
Jalalabad Qila: जलालाबाद किले को लेकर विवाद काफी बढ़ता जा रहा है. मनहार खेड़ा संघर्ष समिति ने कहा है कि यहां 1444 राजपूतों की जान गई थी. इस किले का एएसआई सर्वे किया जाए.
Jalalabad Qila: शामली के जलालाबाद कस्बे में बने किले को लेकर सियासत गर्मा गई है. थानाभवन थाना क्षेत्र से विधायक अशरफ अली इस किले में रहते हैं. जिसकी विवाद और गहराता जा रहा है. दरअसल इस किले पर राजपूत समाज ने दावा किया है और इसे संरक्षित मांग की है.
जलालाबाद के किले पर बवाल
इस किले की एएसआई के जरिए जांच कराई जाए, इस मांग को लेकर मनहार खेड़ा संघर्ष समिति के लोग शामली कलेक्ट्रेट पहुंचे और जमकर प्रदर्शन किया. प्रदर्शन में उन्होंने ज्ञापन के माध्यम से मांग की के किले के अंदर उनके 1444 पूर्वजों ( महिला पुरुष) की अस्थियां दबी हुई हैं. जहां खुदाई कर उन्हें बाहर निकाला जाए, ताकि उनका अंतिम संस्कार हो सके
कुए में किया गया था जौहर
दावा किया गया कि इस किले के कुएं परिवार की रानियों और बच्चियों के जरिए जल जौहर करा गया था. समीति की मांग है कि उसकी खुदाई कराई जाए और अस्थियों को उन्हें सौंपा जाए. जिन्हें वह गंगा में प्रवाहित कर उनकी आत्मा को शांति दिला सकें.
समिति की प्रशासन को धमकी
समिति के लोगों ने कहा कि अगर 2 महीने के अंदर यह काम नहीं किया गया तो पूरा हिंदू समाज किले के अंदर बड़ी हिंदू महापंचायत करेगा. इस किले में फिलहाल आरएलडी के विधायक अशरफ अली रहते हैं. जिनका कहना है कि यह किला उनके पूर्वजों का है. हिंदू समाज का कहना है कि जलाल खान ने उनके पूर्वजों की हत्या की थी और इस किले पर कब्जा कर लिया गया था.
किसने किया दावा
जलालाबाद के इस किले पर आखिरी राजा गोपाल सिंह की 16वीं पीढ़ी के वंशज भानु प्रताप सिंह ने दावा किया है. आरोप है कि 1690 में जलाल खान ने दावत के नाम पर उनके 1444 पूर्वजों को जहर देकर मार दिया था और उनकी अस्थियां किले के अंदर ही दफ्न कर दी थीं. इस किले में महिलाओं ने कूदकर जौहर किया था. आरएलडी बीजेपी के साथ गठबंधन में है. अब देखना होगा कि इस मामले में क्या कार्रवाई होती है.