मुरली ने साधा पीएम पर निशाना

भ्रष्टाचार के मुद्दे पर ‘नकारात्मकता और नैराश्य का विवेकहीन माहौल’ बनाने से देश का अहित होने संबंधी प्रधानमंत्री की टिप्पणी पर सख्त आपत्ति करते हुए भाजपा ने आज पलटवार किया कि सरकारी मशीनरी और कानूनी व्यवस्था से भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने के देश को दुर्भाग्यपूर्ण परिणाम भुगतने पड़ेंगे।

Updated: Oct 10, 2012, 02:28 PM IST

नई दिल्ली: भ्रष्टाचार के मुद्दे पर ‘नकारात्मकता और नैराश्य का विवेकहीन माहौल’ बनाने से देश का अहित होने संबंधी प्रधानमंत्री की टिप्पणी पर सख्त आपत्ति करते हुए भाजपा ने आज पलटवार किया कि सरकारी मशीनरी और कानूनी व्यवस्था से भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने के देश को दुर्भाग्यपूर्ण परिणाम भुगतने पड़ेंगे।
भाजपा के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी ने सिंह के बयान की आलोचना करने के साथ अपनी पार्टी की इस मांग को दोहराया कि कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के दामाद राबर्ट वाड्रा पर लगे वित्तीय अनियमितताओं के आरोपों की जांच कराई जानी चाहिए।
सरकार और कुछ व्यक्तियों के विरूद्ध कथित भ्रष्टाचार के मुद्दे पर विपक्ष और सामाजिक कार्यकर्ताओं द्वारा की जा रही आलोचनाओं के बीच प्रधानमंत्री ने सीबीआई और राज्य भ्रष्टाचार निरोधी ब्यूरो के सम्मेलन में कहा था, ‘भ्रष्टाचार के मुद्दे पर नकारात्मकता और नैराश्य का विवेकहीन माहौल बनाने से हमें कोई लाभ नहीं मिलेगा।’ प्रधानमंत्री के उक्त बयान पर जोशी ने कहा, ‘भ्रष्टाचार को बढ़ावा देने के लिए सरकारी मशीनरी और कानूनी व्यवस्था के विवेकहीन इस्तेमाल के देश को दुर्भाग्यपूर्ण परिणाम भुगतने पड़ेंगे।’’ वड्रा पर लगे आरोपों के बारे में उन्होंने कहा, हमारी पार्टी की मांग है कि हर बात की जांच होनी चाहिए और सही तथ्यों को सामने लाया जाए। अगर कोई गड़बड़ी हुई है और गलत ढंग से संपत्ति बनाई गई है तो सारे मामले को अदालत के सामने ले जाया जाए। (एजेंसी)