QS Ranking For IIT Delhi: आईआईटी-दिल्ली देश के उन टॉप संस्थानों में शामिल है, जो इंजीनियरिंग  के लिए भारत भर में मशहूर है. यहां टफ कॉम्पीटिशन होने के बावजूद दाखिला लेने के लिए स्टूडेंट्स के बीच तगड़ी होड़ रहती है. वहीं, अब यह (IIT or Indian Institute of Technology) दुनिया के शीर्ष संस्थानों की रेस में भी शामिल हो चुका है. यह रैंकिंग क्वॉकारैली साइमंड्स (Quacquarelli Symonds) की ओर से 'वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग्स बाई सब्जेक्ट 2023' के अनुसार है.


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भारतीय उच्च शिक्षण संस्थानों द्वारा विभिन्न विषयों में पेश किए जाने वाले 44 कोर्सेस को वैश्विक स्तर पर शीर्ष 100 पाठ्यक्रमों की लिस्ट में शामिल किया गया है. पिछले साल 35 कोर्स इस सूची में शामिल थे. क्यूएस द्वारा जारी एक बयान के मुताबिक इस बार की रैंकिंग्स में जिन इंडियन यूनिवर्सिटीज का सबसे ज्यादा प्रतिनिधित्व देखा गया, उनमें आईआईटी-दिल्ली (27 एंट्रीज), आईआईटी -बॉम्बे (25 एंट्रीज), और आईआईटी-खड़गपुर (23 एंट्रीज) शामिल हैं. 


सब्जेक्ट के आधार पर रैंकिंग 
सब्जेक्ट रैंकिंग के लिए QS ने संस्थानों को इंडीविजुअल प्रोग्राम्स के आधार पर रैंकिंग देते हुए, उन पाठ्यक्रमों की तुलना विश्व के दूसरे प्रोग्राम्स से की. इस बार की सब्जेक्ट रैंकिंग के लिए यूनिवर्सिटीज को  इंजीनियरिंग एंव टेक्नोलॉजी, आर्ट्स एंव ह्यूमैनिटीज, लाइफ साइंसेज एंव मेडिसिन, नेचुरल साइंस एंव सोशल साइंसेज और मैनेजमेंट सेक्टर्स में मिली है. संस्थानों ने कंप्यूटर साइंस, केमिस्ट्री, बायोलॉजिकल साइंसेज, बिजनेस स्टडीज और फिजिक्स के क्षेत्र में अच्छा प्रदर्शन किया है. 


आईआईटी-बॉम्बे - गणित में 92वां स्थान हासिल करके दुनिया के टॉप 100 में जगह बनाई. यह पिछली बार से 25 रैंकिंग का सुधार है. 
आईआईटी-कानपुर - इंजीनियरिंग-इलेक्ट्रिकल इलेक्ट्रॉनिक में 87वां और कंप्यूटर साइंस एंड इन्फॉर्मेशन सिस्टम्स की पढ़ाई में 96वां स्थान पर है. 
आईआईटी-खड़गपुर - कंप्यूटर साइंस एंड इन्फॉर्मेशन सिस्टम्स के लिए 94वें स्थान पर है. 
आईआईटी-मद्रास - गणित के लिए दुनिया के टॉप 98वें स्थान पर है. 


जानें क्या है क्यूएस 
क्यूएस एक ब्रिटिश कंपनी है, जो विश्व के हायर एजुकेशन इंस्टीट्यूट्स के विश्लेषण में स्पेशलाइजेशन रखती है. यह कंपनी रैंकिंग 54 शैक्षणिक विषयों और पांच व्यापक संकाय क्षेत्रों में विश्व के 93 स्थानों में 1,594 यूनिवर्सिटीज में स्टूडेंट्स द्वारा लिए गए 15,700 से ज्यादा इंडीविजुअल प्रोग्राम्स के परफॉर्मेंस पर स्वतंत्र तुलनात्मक विश्लेषण करती है. यह क्यूएस का वर्ल्ड यूनिवर्सिटी रैंकिंग्स का 13वां एजिशन था, जिसमें इस बार 66 भारतीय विश्वविद्यालयों समेत कुल 355 एंट्रीज देखी गईं.