पटना: बिहार में भारतीय सेना के पांच पूर्व अधिकारी अब देश में गंगा को बचाने के लिए बडी जागरुकता मुहीम चलाएंगे. अतुल्य गंगा के नाम से सेना के पूर्व अधिकारियों ने मुंडमन गंगा परिक्रमा शुरू करने का फैसला लिया है.


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इस प्रक्रिमा के तहत पूरे देश में गंगा की परिक्रमा उसके तट के किनारे पैदल की जाएगी. अगस्त 2020 से परिक्रमा हरिद्वार से शुरू होगी. जो 2021 मार्च में हरिद्वार में ही खत्म होगी. बिहार में गंगा को बचाने के लिए जागरुकता अभियान 3 दिसंबर 2020 से 16 जनवरी 2021 तक और 31 जनवरी 2021 से 17 फरवरी 2021 तक चलेगी.


इस बात की जानकारी रिटायर लेफ्टीनेंट कर्नल लौहमी और गोपाल शर्मा ने पटना में दी. सेना के अधिकारियों ने बताया कि गंगा में 80 फीसदी पानी सीवेज का है. जो प्रदूषित है. गंगा को बचाने के लिए हम इस परिक्रमा यात्रा में 5 साल से लेकर 25 साल तक के युवाओं को जोडेंगे.


पांच हजार किलोमीटर तक चलनेवाली ये यात्रा 45 शहरों 500 पंचायत और 2 लाख स्कूलों से गुजरेगी. यात्रा के दौरान रिवर की गूगल मै्पिंग भी की जाएगी. गंगा के सैंपल की जांच भी की जाएगी. दिल्ली आईआईटी का सहयोग इस अभियान में मिलेगा. बिहार में यात्रा के दौरान 7 बडे मीटिंग और 200 छोटी मीटिंग के जरिये लोगों को जागरुक किया जाएगा. सौ से ज्यादा लोग एक साथ इस परिक्रमा में शामिल होंगे.


गंगा को बचाने के लिए ये मुहीम अगले 11 सालों तक जारी रहेगी. इस मौके पर बिहार सरकार के पर्यावरण वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के प्रधान सचिव दीपक कुमार ने कहा कि बिहार में होने वाली यात्रा को सरकार पूरा सहयोग करेगी.