बिहार में शुरू हुई मैट्रिक की परीक्षा, जूता पहनकर आने पर छात्रों को नहीं मिल रही एंट्री

कदाचार मुक्त परीक्षा हो इसको लेकर बोर्ड द्वारा सभी केन्द्रों पर वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी भी करवाई जा रही है.

बिहार में शुरू हुई मैट्रिक की परीक्षा, जूता पहनकर आने पर छात्रों को नहीं मिल रही एंट्री
बिहार में शुरू हुई मैट्रिक की परीक्षा. (फाइल फोटो)

पटना : बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (बीएसईबी) द्वारा आयोजित मैट्रिक (दसवीं) की परीक्षा आज से शुरू हो चुकी है. 28 फरवरी तक चलने वाली इस परीक्षा में कुल 16 लाख 60 हजार 609 परीक्षार्थी भाग लेंगे. राज्य भर में इसके लिए 1418 परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं. वहीं, पटना सिटी के कुल 14 परीक्षा केंद्रों पर 6700 परीक्षार्थी परीक्षा में शामिल हो रहे हैं. कदाचार मुक्त परीक्षा को लेकर अनुमंडल प्रशासन द्वारा सभी परीक्षा केंद्रों पर दंडाधिकारी और पुलिस बल की प्रतिनियुक्ति कर दी गई है.

राज्य के सभी परीक्षा केंद्रों पर पुलिस बल की तैनाती की गई है. कदाचार मुक्त परीक्षा हो इसको लेकर बोर्ड द्वारा सभी केन्द्रों पर वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी भी करवाई जा रही है. साथ ही इस बार छात्रों को जूता के बजाय चप्पल पहनकर परीक्षा केंद्र आने का आदेश जारी किया गया है. अधिकांश छात्र इस नियम का पालन करते दिख रहे हैं. जूता पहनकर आए छात्र-छात्राओं को रोका जा रहा है. जूता खुलवाकर ही परीक्षा में शामिल होने दिया जा रहा है.

दानापुर में भी कुल नौ परीक्षा केंद्र पर कुल 9289 परीक्षार्थी शामिल हो रहे हैं. एसडीओ अंशुल कुमार ने बताया कि कदाचारमुक्त व शांतिपूर्वक परीक्षा संचालित कराने के लिए तीन जोनल दंडाधिकारी तैनात किए गए हैं. सभी परीक्षा केंद्रों पर स्ट्रेटिक दंडाधिकारी और पुलिस बल को तैनात किया गया है. उन्होंने बताया कि दो पाली में परीक्षा संचालन किया जा रहा है.

बेतिया में भी मैट्रिक परीक्षा शुरू हो गई है. यहां सीसीटीवी की निगरानी में परीक्षा हो रही है. कदाचार मुक्त परीक्षा के लिए जिला प्रशासन ने पूरी तैयारी की है. जिला में 45,271 परीक्षार्थी शामिल हुए हैं, इसके लिए बेतिया अनुमंडल में 14 केंद्र बनाए गए हैं. नरकटियागंज अनुमंडल में छह केंद्र बनाए गए हैं. वहीं, बगहा अनुमंडल में सात केंद्र बनाए गए हैं.

मंगेर में 19 परीक्षा केंद्रों पर मैट्रिक की परीक्षा हो रही है. कुल 24349 परीक्षार्थी शामिल होंगे, जिसमें 12774 छात्र और 11575 छात्राएं शामिल हैं. वहीं, परीक्षा को शांति और  कदाचार मुक्त बनाने को लेकर जिलाधिकारी के निर्देश पर परीक्षा केंद्र के बाहर धारा-144 लागू है.