लखनऊः मेवा बेचने वाले 3 कश्मीरी युवकों की पिटाई, चारों आरोपी गिरफ्तार

छानबीन के बाद पुलिस ने कश्मीरी युवक को उसके परिचित के हवाले कर आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है. 

लखनऊः मेवा बेचने वाले 3 कश्मीरी युवकों की पिटाई, चारों आरोपी गिरफ्तार

लखनऊः पुलवामा में आतंकी हमले के बाद कश्मीरियों के साथ होने वाले घृणिक अपराध थमने का नाम नहीं ले रहा है. ऐसी ही एक घटना यूपी राजधानी लखनऊ के हसनगंज थाना क्षेत्र के डालीगंज पुुल पर देखने को मिली जहां पर मेवा बेचने वाले तीन कश्मीरियों पर कुछ उपद्रवियों ने हमला बोल दिया. हमलावरों ने कश्मीरियों से उनका आधार कार्ड भी मांगा और दिखाने के बाद भी उनकी बेरहमी से पिटाई की. किसी तरह दोनों कश्मीरी युवक जान बचा के वहां से भाग निकले, जबकि एक को पुलिस अपने साथ थाने ले गयी. वहीं वीडियो में ये भी दिख रहा है कि इन गुंडों के द्वारा कश्मीरियों को पीटते हुए देख राहगीरों ने उनके चंगुल से कश्मीरियों को बचाया.

छानबीन के बाद पुलिस ने कश्मीरी युवक को उसके परिचित के हवाले कर दिया और इस मामले में सभी आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज किया गया है. शुरुआत में पुलिस ने एक आरोपी को गिरफ्तार किया था लेकिन अब खबर है कि चारों आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है. 

दरअसल कश्मीर के रलोगा निवासी अफजल नाइक ने बताया वो वजीरगंज के गोलागंज इलाके में रहकर सड़कों पर मेवा बेचता है . रोज की तरह बुधवार की शाम अफजल अपने दो साथियों के साथ डालीगंज पुल पर मेवा बेच रहा था . इसी बीच कार सवार तीन से चार लोग वहां पहुंचे और उन लोगों की पिटाई शुरू कर दी. आरोपियों ने अफजल व उसके दोनों साथियों पर संदिग्ध होने का आरोप लगाते हुए हाथापाई शुरू कर दी . इस बीच आरोपियों ने कश्मीरी युवकों से उनका अधार कार्ड मांगा . 

अफजल का कहना है कि आधार कार्ड की फोटो कॉपी दिखाने पर इसे फर्जी बताते हुए उनके साथ मारपीट शुरू कर दी . इस बीच आरोपियों के कुछ और साथी भी वहां पहुंच गए. सभी ने मिलकर तीन कश्मीरी युवकों को बुरी तरह पीट दिया. इस बीच दो कश्मीरी युवक किसी तरह अपनी जान बचा कर वहां से भाग निकले. सूचना मिलते ही मौके पर पुलिस भी पहुंच गई. आरोपियों के खिलाफ कार्यवाई करने के बजाए पुलिस अफजल को ही थाने ले गई. वहीं आरोपी वहां से आराम से चले गए.

हसनगंज पुलिस ने अफजल से पूछताछ करने के बाद उसे एक परिचित के हवाले कर दिया. कश्मीरी युवकों के साथ हुई इस मारपीट को हसनगंज पुलिस ने न तो किसी अधिकारी को कुछ बताया और ना ही पीड़ित अफजल की कोई शिकायत दर्ज की. पहले पुलिस इस पूरे में मामले को महज मामूली मारपीट की घटना बता रही थी. लेकिन सोशल मीडिया पर इस घटना का वीडियो वायरल होने के बाद ही पुलिस ने पीड़ित अफजल की तरफ से मामला तो दर्ज कर लिया है और एक आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है. इसके बाद दोपहर में खबर आई कि पुलिस ने सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.

पहले पुलिस ने अज्ञात में एफआईआर दर्ज की उसके बाद जब वीडियो वायरल हुआ तो नाम क्लियर होने के बाद तीन लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई. पुलिस ने सबसे पहले आरोपी बजरंग सोनकर को गिरफ्तार किया था.