Israel Gaza War News:  संयुक्त राष्ट्र सहायता प्रमुख मार्टिन ग्रिफिथ्स ने कहा है, उत्तरी गाजा से 11 लाख लोगों को निकालने का आदेश युद्ध के नियमों और बुनियादी मानवता की अवहेलना करता है.' उन्होंने एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर कहा, 'गाजा पर भीषण बमबारी हो रही है। सड़कें और घर मलबे में तब्दील हो गए हैं. कहीं भी जाना सुरक्षित नहीं है.'


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ग्रिफिथ्स ने कहा, 'महिलाओं और बच्चों समेत डरे हुए और सदमे में आए नागरिकों को एक घनी आबादी वाले इलाके से दूसरे इलाके में जाने के लिए मजबूर करना, बिना लड़ाई रुके और बिना मानवीय सहायता के, खतरनाक और अपमानजनक है.' उन्होंने दोहराया, 'सुरक्षित मार्ग और बुनियादी सेवाओं तक पहुंच के बिना, नागरिकों के ऐसे बड़े पैमाने पर विस्थापन के विनाशकारी मानवीय परिणाम और दीर्घकालिक प्रभाव होंगे.'


गाजा में हालात बहुत गंभीर
बता दें इजरायली सेना ने उत्तरी गाजा के 11 लाख लोगों को 24 घंटे के भीतर वहां से चले जाने का शुक्रवार को निर्देश दिया है. इसके साथ ही इज़राइल ने घनी आबादी वाले गाजा की ‘पूर्ण घेराबंदी’ की हुई है- जिसमें बिजली, भोजन, पानी और ईंधन की आपूर्ति रोकना शामिल है. इसके अलावा इजरायली एयरफोर्स हमास के 7 अक्टूबर के विनाशकारी आतंकवादी हमलों के प्रतिशोध में घनी आबादी वाले क्षेत्र पर बमबारी भी कर रहा है.


सीएएन के मुताबिक फिलिस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, गाजा में लगभग लगातार गोलाबारी से कम से कम 1,900 फिलिस्तीनी मारे गए हैं, जिनमें पत्रकार, चिकित्सक और अन्य नागरिक शामिल हैं. फिलिस्तीनी स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि मृतकों में 614 बच्चे और 370 महिलाएं शामिल हैं.


गाजा बुनियादी जरुरतों के लिए इजरायल पर निर्भर
गाजा अपनी बुनियादी जरूरतों की आपूर्ति के लिए काफी हद तक इजराइल पर निर्भर है और इस तरह के फैसले से घनी आबादी वाले इस क्षेत्र में रहने वाले 23 लाख लोगों के लिए दूरगामी परिणाम हो सकते हैं. वर्ष 2007 में हमास द्वारा प्रतिद्वंद्वी फलस्तीनी बलों से सत्ता छीनने के बाद से इजराइल और मिस्र ने गाजा पर विभिन्न स्तर के प्रतिबंध लगाए हैं.