दिल के मरीज इन एंटीबायोटिक दवाओं से रहें दूर, हो सकती है मौत

रिसर्च के दौरान पाया गया कि अगर कोई मरीज लगातार दो हफ्ते तक क्लैरिथ्रोमाइसिन एंटीबायोटिक का इस्तेमाल करता है तो हार्ट अटैक का खतरा काफी  बढ़ जाता है.

दिल के मरीज इन एंटीबायोटिक दवाओं से रहें दूर, हो सकती है मौत
क्लैरिथ्रोमाइसिन एंटीबायोटिक का इस्तेमाल तीन दशकों से किया जा रहा है. (प्रतीकात्मक फोटो)

नई दिल्ली: यूनाइटेड स्टेट फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (USFDA) ने इंफेक्शन के दौरान आमतौर पर खाई जाने वाली एंटीबायोटिक दवाओं को लेकर अलर्ट जारी किया है. मेडिकल एक्सपर्ट के मुताबिक इन दवाओं का सेवन सेहत के लिए ठीक नहीं है. खासकर जो लोग दिल के मरीज हैं उन्हें तो बिल्कुल ही इन दवाओं से दूर रहने को कहा गया है. यूनाइटेड स्टेट फूड एडमिनिस्ट्रेशन के मुताबिक अगर आप ऐसी दवाओं का सेवन कर रहे हैं तो इसका असर सालों बाद भी दिख सकता है.

फेफड़े, कान, स्किन के इंफेक्शन को रोकता है
रिसर्च में पाया गया कि फेफड़े, कान, स्किन, नाक में होने वाले इंफेक्शन को रोकने के लिए इस्तेमाल होने वाला एंटीबायोटिक क्लैरिथ्रोमाइसिन के बहुत गंभीर परिणाम होते हैं. रिसर्च के दौरान पाया गया कि अगर कोई मरीज लगातार दो हफ्ते तक क्लैरिथ्रोमाइसिन एंटीबायोटिक का इस्तेमाल करता है तो हार्ट अटैक का खतरा काफी  बढ़ जाता है. रिपोर्ट में कहा गया कि पिछले 10 सालों से हार्ट के मरीजों पर किए गए रिसर्च के आधार पर हम इस नतीजे पर पहुंचे हैं.

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तीन दशकों से हो रहा है इस्तेमाल
USFDA के मुताबिक क्लैरिथ्रोमाइसिन एंटीबायोटिक का इस्तेमाल तीन दशकों से किया जा रहा है. क्लैरिथ्रोमाइसिन और अजिथ्रोमाइसिन एक ही ग्रुप की दो अलग-अलग दवाएं हैं. दोनों एंटीबायोटिक सालों से इस्तेमाल किए जा रहे हैं.

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