Agri-Drone News:  कृषि-ड्रोन (Agri-drone) बनाने वाली कंपनी आयोटेकवर्ल्ड एविगेशन (IoTechWorld Avigation) को अग्रणी सहकारी संस्था इफको से 500 ड्रोन की आपूर्ति का ऑर्डर मिला है. इन ड्रोन का इस्तेमाल मुख्य रूप से नैनो तरल यूरिया और डीएपी के छिड़काव के लिए किया जाएगा.


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भारतीय कृषक उर्वरक सहकारी लि. (इफको) की योजना नैनो यूरिया और नैरो डाइअमोनियम फॉस्फेट (डीएपी) के छिड़काव के लिए 2,500 कृषि-ड्रोन खरीदने की है. इफको का 5,000 ग्रामीण उद्यमियों को प्रशिक्षण देने का भी इरादा है. इन ग्रामीणों को ड्रोन के जरिये छिड़काव का प्रशिक्षण दिया जाएगा. आयोटेकवर्ल्ड एविगेशन के सह-संस्थापक अनूप उपाध्याय ने बयान मे कहा, ‘कंपनी इफको को दिसंबर, 2023 तक 500 ड्रोन की आपूर्ति करेगी.’


गुरुग्राम मुख्यालय वाली कंपनी देश की पहली डीजीसीए प्रकार के प्रमाणित ड्रोन ‘एग्रीबॉट’ की विनिर्माता है. आयोटेकवर्ल्ड को कृषि रसायन कंपनी धानुका एग्रीटेक का समर्थन हासिल है.


क्या कहना है कि कंपनी का?
कंपनी के अन्य सह-संस्थापक दीपक भारद्वाज ने कहा, ‘एग्रीबॉट (कृषि ड्रोन) को विशेष रूप से उर्वरकों के लिए डिजाइन और प्रोग्राम किया गया है. इफको से मिला ऑर्डर कृषि-ड्रोन सेगमेंट में हमारी ताकत का प्रमाण है.‘


भारद्वाज ने कहा, ‘ड्रोन के उपयोग से न केवल समय और धन की बचत होती है, बल्कि कृषि उत्पादकता भी बढ़ती है. इसके अलावा, फसलों पर कीटनाशकों का छिड़काव जैसी कृषि गतिविधियों में ड्रोन के उपयोग से किसानों के लिए स्वास्थ्य लाभ होता है.‘


यह कहते हुए कि ड्रोन बाजार तेजी से बढ़ रहा है, भारद्वाज ने कहा कि उर्वरक और कीटनाशक कंपनियों के साथ-साथ किसानों सहित ग्रामीण उद्यमियों सहित विभिन्न कंपनियों की ओर से जबरदस्त मांग आ रही है.


आयोटेकवर्ल्ड एविगेशन ने इस कंपनी से भी की साझेदारी
इफको के अलावा, आयोटेकवर्ल्ड एविगेशन ने एग्रोकेमिकल कंपनी सिंजेंटा के साथ भी साझेदारी की है और देश के विभिन्न हिस्सों में 17,000 किलोमीटर की ड्रोन यात्रा की है. कंपनी का लक्ष्य इस वित्तीय वर्ष में 3,000 से अधिक ड्रोन बेचने का है और वह सार्क, दक्षिण पूर्व एशिया, लैटिन अमेरिका, यूरोप, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड आदि क्षेत्रों में निर्यात के अवसर भी तलाश रही है.


भारद्वाज ने कहा, कंपनी अपने साझेदारों के साथ मिलकर ग्रामीण स्तर के उद्यमियों को तैयार करने और देश भर में दूरस्थ पायलट प्रशिक्षण संगठन स्थापित करने में मदद करने पर भी ध्यान केंद्रित कर रही है.


(इनपुट - एजेंसी)