Amitabh Bachchan, Jaya Bachchan: बॉलीवुड के छोरा गंगा किनारे वाला...जी हां! आप बिल्कुल सही समझे, यहां बात सदी के महानायक अमिताभ बच्चन  की हो रही है. दिलचस्प बात यह है कि इस किस्से में अमिताभ के साथ उनकी बेटर हाफ जया बच्चन भी हैं. किस्सा थोड़ा पुराना है, लेकिन बेहद रोचक है. 40 साल पहले दोस्त राजीव गांधी के कहने पर अमिताभ बच्चन लोकतंत्र के महापर्व में उतरे थे. इसके लिए अमिताभ ने उस शहर को चुना, जहां उनका बचपन बीता. इलाहाबाद लोकसभा सीट से अमिताभ बच्चन के सामने लोकतंत्र के महापर्व में अपनी इज्जत बचाने की चुनौती थी. ऐसे में हर सुख-दुख में साथी बनने की कसम खाने वाली जया बच्चन मैदान में उतरीं. पति की इज्जत बचाने के लिए जया बच्चन ससुराल पहुंची थी. यहां उन्होंने बहूरानी की हैसियत ने जनता से संवाद करना शुरू किया. इलाहाबाद की जनता ने भी बहू को सिर आंखों पर बिठाया.


COMMERCIAL BREAK
SCROLL TO CONTINUE READING

अमिताभ बच्चन (Amitabh Bachchan) और जया बच्चन (Jaya Bachchan) 3 जून 1973 को शादी के बंधन में बंधे थे. शादी के बाद अमिताभ बच्चन फिल्मों की दुनिया में अच्छा नाम कमा रहे थे और उनकी फैन फॉलोइंग लगातार बढ़ती ही जा रही थी. अमिताभ बच्चन 'एंग्री यंग मैन' और एक रोमांटिक हीरो के रूप में लोगों के दिलों में अपनी जगह बना चुके थे. फिर 1984 में इंदिरा गांधी की हत्या के बाद आम चुनाव हुए. इन चुनावों में राजीव गांधी ने अमिताभ बच्चन को इलाहाबाद सीट से कांग्रेस का प्रत्याशी बनाया. इस चुनाव में अमिताभ बच्चन का मुकाबला दिग्गज नेता हेमवती नंदन बहुगुणा से था. 



हेमवती नंदन बहुगुणा से था अमिताभ बच्चन का मुकाबला
अमिताभ बच्चन की पॉपुलैरिटी काफी थी, लेकिन राजनीति में उनका एक्सपीरिएंस जीरो था. जब राजीव गांधी के कहने पर वह चुनाव में उतरे तो उन्होंने एक्टिंग से छोटा ब्रेक लिया और जी-जान से इसी में जुट गए. हालांकि, अमिताभ बच्चन की पॉपुलैरिटी काफी थी, लेकिन उनका मुकाबला एक कद्दावर नेता के साथ था. ऐसे में अपने पति को सपोर्ट करने के लिए जया बच्चन भी मैदान में उतर आईं.


मुंह दिखाई में इलाबाद से मांगे अमिताभ बच्चन के लिए वोट
जया बच्चन ने अपने पति अमिताभ के लिए खास अंदाज में इलाबाद की जनता से वोट मांगे थे. जब जया बच्चन इलाबाद अपने पति के लिए वोट मांगने आईं तो उन्होंने खुद को इलाबाद की बहू बताया और मुंह दिखाई में जनता से पति के लिए वोट मांगे. इलाबाद की जनता ने भी अपनी बहू का सम्मान रखा और मुंह दिखाई के रूप में अमिताभ बच्चन को दिल खोलकर वोट दिए. इन चुनावों में अमिताभ बच्चन ने हेमवती नंदन बहुगुणा को भारी अंतर से हराया. 



अमिताभ बच्चन की एक झलक के लिए कुछ भी करने को तैयार थे लोग
अमिताभ बच्चन की पॉपुलैरिटी इतनी ज्यादा था कि वे जब भी प्रचार के लिए निकलते तो सड़कों पर भीड़ लग जाया करती थी. अमिताभ बच्चन जहां भी होते, वहां इतने लोग इकट्ठे हो जाते थे कि पुलिस के कंट्रोल करने में पसीने छूट जाते थे. फैन्स अमिताभ बच्चन की एक झलक पाने के लिए कुछ भी करने को तैयार रहते थे. लोग पेड़, टीन शेड, दीवारों या जहां भी जो जगह मिले, वहां चढ़कर बस अमिताभ बच्चन को देखना चाहते थे. ऐसे मे नॉमिनेशन के वक्त अमिताभ बच्चन को क्लेक्ट्रेस से किसी दूसरी गाड़ी में बिठाकर वहां से निकाला गया था.


जब लड़कियों ने बिछा दिए अपने दुपट्टे
उस दौर में अमिताभ बच्चन का क्रेज किस हद तक था, इस बात का अंदाजा इससे लगाया जा सकता है कि बिग बी के रोड शो के दौरान सुपरस्टार का काफिला आने से पहले लड़कियों ने अपने दुपट्टे सड़क पर बिछा दिया था. हालांकि, जब अमिताभ बच्चन वहां पहुंचे तो सड़क पर लड़कियों के दुपट्टे देख गाड़ी से नीचे उतर गए. अमिताभ बच्चन ने लड़कियों के दुपट्टे सड़क से हटवाए, ताकि उनपर से कोई गाड़ी ना गुजर सके.