मुंगेर: जीविका ने किया सरकार के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन, नोटा की दी चेतावनी

 मुंगेर के पोलो मैदान में सैकड़ो की तादाद में पहुंची जीविका कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगो को लेकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की साथ ही जिला अधिकारी के कार्यालय का घेराव किया.

मुंगेर: जीविका ने किया सरकार के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन, नोटा की दी चेतावनी
जीविका महिला सशक्तिकरण के लिए बिहार सरकार की एक परियोजना है. (प्रतीकात्मक तस्वीर)

पटना: बिहार प्रदेश जीविका कैडर संघ के बैनर तले अपनी दस सूत्री मांगो के समर्थन में जीविका की महिला कर्मचारियों ने शहर में विशाल जुलुस निकाला. मुंगेर के पोलो मैदान में सैकड़ो की तादाद में पहुंची जीविका कार्यकर्ताओं ने अपनी मांगो को लेकर सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की साथ ही जिला अधिकारी के कार्यालय का घेराव किया.

वहीं, उन्होंने आने वाले लोकसभा चुनाव में नोटा का बटन दबाकर राज्य सरकार का विरोध करने की भी चेतावनी दी. आपको बता दें कि जीविका महिला सशक्तिकरण के लिए बिहार सरकार की एक परियोजना है जिससे बिहार की करोड़ो महिलाएं जुड़ी हुई है. 

ये महिलाएं विभिन्न सरकारी योजनाओं के क्रियान्वन में महत्वपुर्ण भुमिका निभा रही है. मावन श्रृंखला, वित्तीय साक्षरता, शराबबंदी, मनरेगा सर्वेक्षण, स्वच्छता और शौचालय निर्माण समेत कई चीजों में जीविका से जुड़ी महिलाओं की भागीदारी रहती है. 

प्रदर्शन कर रही जीविका सेविकाओं ने सरकार पर आरोप लगाया की नीतीश सरकार जीविका कर्मियों के साथ सौतेला व्यवहार कर रही है. सरकार जीविका को सिर्फ वोट बैंक के रुप में इस्तेमाल करती आ रही है. सरकार अगर हमलोगों की दस सूत्री मांगो को पुरा नही करती है तो आगामी लोकसभा चुनाव में सभी महिलायें नोटा का बटन दबाएंगे. 

जीविका महिलाओं की प्रमुख मांगे -
1- कंट्रीब्यूशन सिस्टम पर अविलंब रोक लगे.
2- मानदेय का भुगतान नियमित और बैंक खाते के माध्यम से हो.
3- काम से हटाने की धमकी पर रोक लगे.
4- प्रखंड स्तर पर काम करने वाले कैडर का मानदेय 18000 हो.
5- संकुल स्तर पर काम करने वाले कैडर का मानदेय 15000 हो.
6- ग्राम संगठन स्तर पर काम करने वाले कैडर का मानदेय 12000