बिहार में हुआ 'कृषि मंथन' कार्यक्रम, सरकार की योजनाओं से किसानों को कराया रूबरू

 कार्यक्रम में किसानों के मुद्दे पर केंद्रीय कृषि मंत्री राधामोहन सिंह ने खुलकर चर्चा की. अन्नदाता के लिए केंद्र सरकार क्या-क्या योजनाएं चला रही है और इससे किसानों को कितना फायदा होगा इसके बारे में किसानों को रूबरू कराया गया.

बिहार में हुआ 'कृषि मंथन' कार्यक्रम, सरकार की योजनाओं से किसानों को कराया रूबरू
कृषि मंथन कार्यक्रम का रंगारंग आगाज हुआ.

पटना: पटना में ज़ी बिहार झारखंड ने कृषि मंथन कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का रंगारंग आगाज हुआ. कार्यक्रम में किसानों के मुद्दे पर केंद्रीय कृषि मंत्री राधामोहन सिंह ने खुलकर चर्चा की. अन्नदाता के लिए केंद्र सरकार क्या-क्या योजनाएं चला रही है और इससे किसानों को कितना फायदा होगा इसके बारे में किसानों को रूबरू कराया गया.

उनके अलावा बिहार के कृषि मंत्री प्रेम कुमार भी इसमें शामिल हुए. साथ ही बिहार के सहकारिता मंत्री राणा रणधीर सिंह ने भी किसानों से सीधा संवाद किया. उन्होंने कहा कि केंद्र में कृषि और सहकारिता एक ही विभाग में आता है. सहकारिता विभाग बिहार में मुख्य रूप से चार-पांच गतिविधियां करता है जिसमें धान की अधिप्राप्ति का काम हमारा है. 

आगे रणधीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री फसल योजना शुरू की गई है. इस बार बिहार सरकार ने केंद्र से प्रेरणा लेकर यह निर्णय लिया है कि गांव में पैक्स को मजबूत करना चाहते हैं और इसके लिए बिहार सरकार ने हर एक पैक्स को 20 लाख देने का निर्णय लिया है. पैक्स को पहले 11प्रतिशत ब्याज पर केसीसी करते थे जिसे अब आठ प्रतिशत कर दिया गया है. 

कृषि मंथन

वहीं, इस कार्यक्रम में प्रेम कुमार ने कहा कि कृषि मंथन जैसे कार्यक्रम से कृषि के विकास को रफ्तार मिलेगी. उन्होंने कहा कि हम मिट्टी की जांच करा रहे हैं ताकि जो किसान हैं उनको जानकारी हो कि खेतों में कितना खाद का प्रयोग करना है. साथ इससे बचत होगी और लागत भी कम लगेगी. इसके साथ-साथ मिट्टी के स्वास्थ्य का भी ख्याल रखा जाएगा. 

सिंचाई प्रणाली के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा कि अगर हम शुद्ध सिंचाई प्रणाली अपनाते हैं तो निश्चित रूप से 60 प्रतिशत पानी की बचत होगी और उत्पादन भी बढ़ेगा. उन्होंने कहा कि सरकार में आने के बाद किसानी और गरीबों की मदद करना था.