छत्तीसगढ़: आर्थिक अनियमितता के मामले में IAS राजेश सुकुमार टोप्पो समेत 3 अधिकारियों पर मामला हुआ दर्ज

छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार आने के बाद ईओडब्ल्यू को जनसंपर्क विभाग में आर्थिक अनियमितता की जांच के आदेश दिये थे .जिस पर ईओडब्ल्यू ने प्राथमिक जांच रिपोर्ट में पाया की जनसंपर्क विभाग की संस्था में आर्थिक अनिमितता हुई थी रिपोर्ट के आधार पर मामला पंजीबद्ध किया गया है.

छत्तीसगढ़: आर्थिक अनियमितता के मामले में IAS राजेश सुकुमार टोप्पो समेत 3 अधिकारियों पर मामला हुआ दर्ज
आईएएस टोप्पो पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज. (फाइल फोटो)

रायपुर: पिछली बीजेपी सरकार के समय जनसंपर्क विभाग में हुए आर्थिक अनियमितता के मामले में तत्कालीन आयुक्त आईएएस राजेश सुकुमार टोप्पो समेत तीन अधिकारियों के खिलाफ ईओडब्ल्यू ने मामला दर्ज किया है, ईओडब्ल्यू की तरफ से आईएएस अधिकारी राजेश कुमार टोप्पो एवं अन्य के खिलाफ दो अलग अलग मामलो में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की धारा, 7C , 13 (A) के तहत मामला दर्ज किया है. 

छत्तीसगढ़ में कांग्रेस की सरकार आने के बाद ईओडब्ल्यू को जनसंपर्क विभाग में आर्थिक अनियमितता की जांच के आदेश दिये थे. जिस पर ईओडब्ल्यू ने प्राथमिक जांच रिपोर्ट में पाया की जनसंपर्क विभाग की संस्था में आर्थिक अनिमितता हुई थी. इस रिपोर्ट के आधार पर मामला पंजीबद्ध किया गया है.

रातों रात जारी किया गया था टेंडर
जनसंपर्क विभाग पर 2017 - 18 में 250 करोड़ रुपय़े के बजट की जगब 400 करोड़ रुपये खर्च करने का आरोप लगा था. साथ ही टेंडर प्रक्रिया को अनदेखा कर चहेती कंपनियों रातों रातों टेंडर जारी किये गये थे.

सीएम ने बताया रूटीन कार्य
आईएएस राजेश सुकुमार टोप्पो पर एफआईआर होने के बाद मुख्यमंत्री भूपेष बघेल ने कहा कि जनसंपर्क विभाग की जांच चल रही है, यह रूटीन कार्य है. वहीं, इस मामले पर कांग्रेस प्रवक्ता सुशील आनंद शुक्ला का कहना है कि बीजेपी सरकार में जन संपर्क विभाग भ्रष्टाचार का अड्डा बना हुआ था. पत्रकार और नेताओं की सीडी बनाने में अधिकारी लिप्त थे. कांग्रेस की सरकार में भ्रस्टाचार के खिलाफ जीरो टॉलेरेंस के लिए प्रतिबद्ध है , ऐसे आरोपियों पर कार्रवाई होगी.