बाल आयोग 18 जनवरी से चलाएगा खास मुहिम, जानिए कैसे होगा बच्चों को लाभ

राज्य बाल संरक्षण अधिकार आयोग अब जिलों में पहुंचकर सुनवाई करेगा. 

बाल आयोग 18 जनवरी से चलाएगा खास मुहिम, जानिए कैसे होगा बच्चों को लाभ
राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की आज हुई फुल कमीशन की बैठक में यह निर्णय लिया गया.

जयपुर: राज्य बाल संरक्षण अधिकार आयोग अब जिलों में पहुंचकर सुनवाई करेगा. बाल आयोग (Rajasthan State Commission for Protection of Child Right) आपके द्वार अभियान के तहत राज्य के प्रत्येक जिले में बाल गृहों, आंगनबाड़ी केंद्रों, विद्यालय, पुलिस थानों का औचक निरीक्षण कर बालक बालिकाओं से बातचीत कर उनके विचार जाने जाएंगे. आयोग आपके द्वार अभियान की शुरुआत 18 जनवरी को अलवर (Alwar) जिले से होगी.

राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग की आज हुई फुल कमीशन की बैठक में यह निर्णय लिया गया. आयोग अध्यक्ष संगीता बेनीवाल (Sangeeta Beniwal) की अध्यक्षता में हुई बैठक में तय किया गया कि आयोग के सदस्य एवं अधिकारी जिले के सभी बालगृहों, आंगनबाड़ी केंद्रों, विद्यालय, पुलिस थानों में पहुंचकर निरीक्षण करेंगे. इसके साथ ही बालक बालिकाओं से बातचीत कर उन्हें बाल अधिकारों की जानकारी देंगे.

फुल कमीशन की बैठक में आयोग की अगले 1 वर्ष की कार्य योजना पर विचार कर उसकी क्रियान्वित का निर्णय लिया गया. साथ ही राज्य में MHPSS हेल्पलाइन शुरू करने के लिए एमओयू किया गया ताकि राज्य में हेल्पलाइन जल्दी शुरू की जा सके. राज्य में बच्चों के साथ दुष्कर्म की घटनाओं को रोकने के लिए जागरूकता पैदा की जाएगी.जागरूकता के लिए जिला और ब्लॉक स्तर पर कार्यशाला आयोजित की जाएगी. 

इनमें बच्चों उनके अभिभावक शिक्षक और आमजन को शामिल किया जाएगा. बैठक में बाल श्रम की समस्या पर भी चर्चा की गई एवं बाल श्रम से रेस्क्यू बच्चों की वर्तमान स्थिति की जानकारी प्राप्त करने के निर्देश दिए गए. बाल श्रम के संबंध में विद्यालय के प्राचार्य एवं सरपंच की जवाबदेही तय करने का सुझाव दिया गया. साथ ही राज्य के बाल बालिका गृहों में प्रतिनियुक्ति में लगे शिक्षकों को वापस लेने के निर्देश दिए गए. आयोग में विभिन्न प्रकोष्ठ में लंबित प्रकरणों के निस्तारण की विस्तार से चर्चा की गई.

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