महराजगंज का इस्माइल आगरा में 'गोल्डन बॉय' नाम से मशहूर, ताज का दीदार करने वाले पर्यटक 'जिंदा स्टैच्यू' के साथ लेते हैं सेल्फी
topStories0hindi1459810

महराजगंज का इस्माइल आगरा में 'गोल्डन बॉय' नाम से मशहूर, ताज का दीदार करने वाले पर्यटक 'जिंदा स्टैच्यू' के साथ लेते हैं सेल्फी

Agar Golden Boy: महराजगंज के इस्माइल खान इन दिनों सोशल मीडिया पर काफी छाए हैं.  इस्माइल खान वही जिंदा स्टैच्यू हैं, जिनके साथ आज-कल लोग ताजनगरी आगरा में सेल्फी खींच रहे हैं. जी हां,  इस्माइल खान इन दिनों गोल्डेन बॉय नाम से मशहूर हो गए हैं. 

महराजगंज का इस्माइल आगरा में 'गोल्डन बॉय' नाम से मशहूर, ताज का दीदार करने वाले पर्यटक 'जिंदा स्टैच्यू' के साथ लेते हैं सेल्फी

अमित त्रिपाठी/महराजगंज: यूपी के महराजगंज जनपद के इस्माइल खान इन दिनों काफी चर्चा में है. वह गोल्डन बॉय के नाम से मशहूर हो गए हैं. आगरा में ताजमहल देखने वाले इन दिनों शानदार इमारत के साथ-साथ गोल्डेन बॉय स्टैच्यू की चर्चा भी कर रहे हैं. सिर से लेकर पांव तक सुनहरे रंग में रंगे गोल्डन बॉय से हाथ मिलाकर हर पर्यटक खुश होता है. स्टैच्यू बने इस्माइल की खासियत है कि वह 3 घंटे तक बिना हिले-डुले एक ही पोज़ में खड़ा रहता है. ताज के दीदार करने आए लोग उसके साथ सेल्फी लेकर अपनी यात्रा यादगार बना रहे हैं. वहीं बेटे के गोल्डन बॉय के रूप में वायरल होने के बाद परिजन काफी खुश हैं. गांव के लोगों को भी अब इस्माइल के इस हुनर पर गर्व महसूस होता है.

यूट्यूब से वीडियो देख ली प्रेरणा
ताजमहल की ओर जाने वाले रास्ते पर कलाकार इस्माइल सिर से लेकर पैर तक गोल्डन कलर में रंगे पुते नजर आते हैं. ताजनगरी के लोगों ने इसे देशी गोल्डबॉय का नाम दिया है. ताजमहल के दीदार के लिए आए पर्यटकों का ध्यान अपनी ओर खींचने वाले इस्माइल महाराजगंज जिले के हैं. वह जिले के कोल्हुई थाना क्षेत्र के बटईडीहा परमेशरापुर के काफी गरीब परिवार से ताल्लुक रखते हैं. उनके परिवार में सात लोग हैं. माता-पिता और छोटे चार भाई-बहन. भाई-बहनों में वह सबसे बड़े हैं. इस्माइल ने शुरुआती शिक्षा महाराजगंज में ली. गरीबी के चलते परिवार का पालन-पोषण मुश्किल था. ऐसे में यूट्यूब की मदद से इस आर्ट को देखकर काम करने की प्रेरणा ली. ताकि परिवार का बड़ा बेटा होने के नाते रोजी रोटी चला सके और घर की आर्थिक स्थित मजबूत हो सके. 

यह भी पढ़ें- Mahashivratri 2023 Date: महाशिवरात्रि कब है? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि

बनवाना चाहते हैं टूटा हुआ घर 
गोल्डेन बॉय ने बताया कि आगरा में स्टैच्यू बनने से उन्हें जो पैसे मिलते हैं, उससे वह अपने टूटे हुए घर का निर्माण करवाना चाहते हैं. एक छोटे से गांव से निकलकर आगरा जैसे शहर और सोशल मीडिया पर मशहूर होने के बाद अब इस्माइल के परिवार वाले काफी खुश हैं. उनकी मां शायमा खातून अपने बेटे की बात करते-करते खुशी के मारे रो पड़ती हैं. 

गांववालों ने पर्यटकों से की अपील 
ग्रामीणों ने बताया कि इस्माइल के परिवार की आर्थिक स्थिति काफी खराब थी. लेकिन वह बचपन से ही काफी तेज और होनहार था. अपनी मेहनत और लगन की वजह से ही आज वह यहां तक पहुंचा है. आज लोग उसे गोल्डन बॉय के नाम से जानने लगे हैं. इस दौरान स्थानीय लोगों ने पर्यटकों से ज्यादा से ज्यादा उसकी मदद करने की अपील की. ताकि इस्माइल के परिवार की आर्थिक स्थिति में सुधार हो सके. 

यह भी पढ़ें- Makar Sankranti 2023 Date: मकर संक्रांति कब है? जानें शुभ मुहूर्त, पूजा विधि और महत्व

 

यूरोपीय देशों में काफी पॉप्युलर है यह आर्ट 
बता दें कि जिंदा स्टैच्यू बनना एक आर्ट है. यूरोपीय देशों में कलाकार स्टैच्यू बनकर लोगों को आकर्षित करते हैं. विदेशों में यह आर्ट उनकी रोजी-रोटी का जरिया है. भारत में यह कला अभी ज्यादा पॉप्युलर नहीं है. लेकिन अब ताजनगरी में गोल्डन बॉय पर्यटकों को अपने हुनर के जरिए लुभा रहा है. 

UP Nagar Nikay chunav 2022: क्या है निकाय चुनाव के मायने, क्या है नगर निगम, नगर पालिका और नगर पंचायत में अंतर?

 

Trending news