बुलंदशहर: CAA विरोध में हुए नुकसान के लिए DM को सौंपा डिमांड ड्राफ्ट, फूल देकर जताया आभार

बवाल में सरकारी संपत्ति के नुकसान के बदले मुस्लिम समाज के लोगों ने प्रशासन को 6 लाख 27 हजार 507 रुपये का डिमांड ड्राफ्ट सौंपा.

बुलंदशहर: CAA विरोध में हुए नुकसान के लिए DM को सौंपा डिमांड ड्राफ्ट, फूल देकर जताया आभार
मुस्लिम समाज के लोगों ने पुलिस और प्रशासन को गुलाब के फूल देकर भी आभार जताया.

बुलंदशहर: नागरिकता संशोधन कानून (CAA) के खिलाफ पिछले हफ्ते शुक्रवार को उत्तर प्रदेश (Uttar Pradesh) के कई जिलों में हुए बवाल और हिंसा के बाद इस बार शांतिपूर्ण तरीके से नमाज अदा की गई. बुलंदशहर (Bulandshahr) में भी जुमे की नमाज के बाद जिले का माहौल शांत बना रहा. हालांकि, एहतियात के तौर पर पुलिस और प्रशासन पिछले शुक्रवार को हुए बवाल के बाद सतर्क रहा. जिले के चप्पे-चप्पे पर पुलिस फोर्स तैनात रही.

जिले की सभी मस्जिदों पर जहां एक ओर भारी पुलिस बल तैनात रहा, तो वहीं दूसरी ओर मुस्लिम समाज के बुद्धिजीवी लोग खुद सभी मुस्लिम भाइयों को नमाज पढ़ने के बाद घर जाने की गुजारिश करते दिखे.

मुस्लिम समाज के लोगों ने DM को डिमांड ड्राफ्ट सौंपा

पिछले दिनों हुए बवाल में सरकारी संपत्ति के नुकसान के बदले मुस्लिम समाज के लोगों ने प्रशासन को 6 लाख 27 हजार 507 रुपये का डिमांड ड्राफ्ट सौंपा. डिमांड ड्राफ्ट के साथ मुस्लिम समाज के लोगों ने एक पत्र भी जिलाधिकारी रविन्द्र कुमार को दिया. जिसमें पिछले दिनों हुए बवाल पर खेद जताते हुए, भविष्य में दोबारा कभी ऐसी गलती न होने की भी संतुष्टि दी. साथ ही मुस्लिम समाज के लोगों ने पुलिस और प्रशासन को गुलाब के फूल देकर भी आभार जताया.

मुजफ्फरनगर में मौलानाओं ने मांगी माफी

वहीं दूसरी तरफ मुजफ्फरनगर में मौलानाओं ने इकट्ठा होकर शांति का संदेश दिया. साथ ही पिछले दिनों हुई हिंसा को गलती मानते हुए कहा कि जो गलती हुई उसे माफ किया जाए.

जुमे की नमाज के बाद भी सूबे में शांति व्यवस्था कायम

राजधानी लखनऊ में भी शांति व्यवस्था कायम रही. यहां मुस्लिम भाइयों ने शांति के लिए रोजा रखा और अमन और शांति बरकरार रखने की अपील की. फर्रुखाबाद में भी शहर की सभी प्रमुख मस्जिदों पर शांतिपूर्ण तरीके से नमाज पढ़ी गई. यहां पुलिस और प्रशासन पूरी तरह से अलर्ट रहा.

उधर, हापुड़ और संभल में भी सभी जगह शांतिपूर्वक जुमे की नवाज अदा की गई है. जौनपुर में भी आज जुमे की नमाज शांति पूर्वक संपन्न हुई. कहीं किसी प्रकार की कोई घटना या नारेबाजी नहीं हुई. कई जगहों पर देश में अमन और चैन की दुआ के लिए नमाज पढ़ी गई.