MP: गोपाल भार्गव बोले- असेंबली बिल्डिंग में है वास्तुदोष, कराया जाए विशेष अनुष्ठान

सदन में जौरा से दिवंगत कांग्रेस विधायक बनवारी लाल शर्मा को श्रद्धांजलि देते हुए विधायकों के असमय निधन पर नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने चिंता जताई.

MP: गोपाल भार्गव बोले- असेंबली बिल्डिंग में है वास्तुदोष, कराया जाए विशेष अनुष्ठान
मंत्री गोविंद सिंह राजपूत और इमरती देवी ने किया गोपाल भार्गव का समर्थन

भोपाल: मध्य प्रदेश विधानसभा में वास्तु दोष होने की बात को एक बार फिर हवा मिल गई. सदन के सदस्यों की असमय मौत से विधायक खौफजदा हैं. बीते करीब ढाई दशक से विधानसभा के हर सत्र से पहले या बाद में किसी न किसी विधायक की मृत्यु होती आ रही है. इस मुद्दे को लेकर विधायकों के बीच ये चर्चा आम है कि विधानसभा भवन में वास्तु दोष है.

नेता प्रतिपक्ष ने अनुष्ठान कराए जाने की मांग

सदन में जौरा से दिवंगत कांग्रेस विधायक बनवारी लाल शर्मा को श्रद्धांजलि देते हुए विधायकों के असमय निधन पर नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने चिंता जताई. उन्होंने सदन में विशेष अनुष्ठान कराए जाने की मांग की. गोपाल भार्गव की इस मांग का कमलनाथ कैबिनेट के दो मंत्रियों, गोविंद सिंह राजपूत और इमरती देवी ने समर्थन भी किया है. जी मीडिया से खास बातचीत में नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने कहा 'वास्तुदोष से आजकल कोई इनकार नहीं कर सकता. वास्तु शास्त्र एक विज्ञान है. हमारे देश के साथ ही पाश्चात्य देशों में भी इसको मान्यता प्राप्त है. सदन को इस दिशा में सोचना पड़ेगा. भले ही ऐसी बातों का लोग मजाक उठाते रहे हैं. विधायकों का जीवन कठोर और तनाव भरा रहता है.'

गोविंद सिंह राजपूत और इमरती देवी ने किया समर्थन

कमलनाथ सरकार में परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत ने नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव के सदन में अनुष्ठान के वक्तव्य का समर्थन किया. उन्होंने कहा 'जब से विधानसभा बनी है तब से असमय विधायकों की मौतें हुई है. अगर ऐसा है तो किसी बुद्धीजीवी व्यक्ति से वास्तुदोष दूर कराया जाना चाहिए'.

उधर, महिला एवं बाल विकास मंत्री इमरती देवी ने भी नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव का समर्थन किया. उन्होंने कहा 'विधानसभा भवन में अनुष्ठान पूजा पाठ में कोई बुराई नहीं है. मुझे विधानसभा जाने में डर नहीं लगता, जीवन-मृत्यु सब ईश्वर के हाथों में है.'

'ऐसी बातों पर विश्वास नहीं करते'
मंत्री तरुण भनोट ने कहा कि हम सबकी भावनाओं का सम्मान करते हैं. नेता प्रतिपक्ष ने कोई बात उठाई है तो उसे भी सम्मान मिलना चाहिए. उनका एक पक्ष है, जरूरी नहीं कि हर कोई उससे सहमत हो. उधर, मंत्री कमलेश्वर पटेल ने कहा कि हम ऐसी बातों पर विश्वास नहीं करते है. हमारा ध्यान विकास के कामों पर है.

पहले भी वास्तुशास्त्री को बुलाया गया था

पूर्व विधान सभा अध्यक्ष डॉ सीतासरन शर्मा ने कहा कि 'अपने कार्यकाल में मैंने वास्तुशास्त्री को बुलाया था, उन्होंने विधान सभा में छोटे-मोटे परिवर्तन की सलाह दी थी'. पूर्व विधान सभा अध्यक्ष ने बताया कि वास्तुशास्त्री की सलाह पर बिड़ला मंदिर के सामने विधानसभा की बाउंड्री वाल को तुड़वाकर गेट बनवाया था. इतना ही नहीं वास्तुशास्त्री ने चेंबर में चेयर का स्थान बदलने की भी सलाह दी थी. इसलिए चेंबर को बड़ा किया गया और चेयर के स्थान को भी बदला गया था.

गौरतलब है कि डॉ सीतासरन शर्मा के विधान सभा अध्यक्ष रहते 5 वर्षों में 7 सीटिंग विधायकों की मृत्यु हुई थी.

पूर्व मंत्री और वरिष्ठ BJP विधायक रामपाल सिंह ने नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव के वास्तुदोष वाले बयान का किया समर्थन. उन्होंने कहा 'पुरानी विधानसभा से जैसे ही हम नई विधानसभा में आये मध्यप्रदेश से छत्तीसगढ़ अलग हो गया'. उन्होंने कहा 'पूर्व विधानसभा अध्यक्ष श्रीनिवास तिवारी, ईश्वर दास रोहाणी, सीतासरन शर्मा के समय से विधायकों के निधन के बाद तरह-तरह की चर्चा निकल के आती रही'. उन्होंने कहा कि विशेषज्ञों से राय ली जाए हम चाहते हैं कि पुराने विधानसभा अध्यक्ष और वर्तमान अध्यक्ष बैठकर इस पर चर्चा करें.