बाड़मेर में बढ़े कोरोना के केस, प्रवासियों ने बढ़ाई गहलोत सरकार की चिंता

अब तक 53 में से 48 मरीज की ट्रैवल हिस्ट्री मुंबई की मिली है. वहीं, अब तक महाराष्ट्र से 12000 लोग बाड़मेर जिले में घर वापसी कर चुके हैं. 

बाड़मेर में बढ़े कोरोना के केस, प्रवासियों ने बढ़ाई गहलोत सरकार की चिंता
बाड़मेर जिले में अब तक 50000 लोगों की घर वापसी हो चुकी है.

भूपेश आचार्य/बाड़मेर: मुंबई के धारावी और महाराष्ट्र से बाड़मेर जिले में बहुत लोगों ने घर वापसी की है. बाड़मेर में प्रवासियों के लगातार आने से जिले में कोरोना वायरस (Coronavirus) पॉजिटिव मिलने वालों की संख्या भी बढ़ गई है. जिले में कोरोना संक्रमितों की संख्या के बाद, गहलोत सरकार को इस बात का डर सता रहा है कि, कहीं बाड़मेर में कम्युनिटी स्पिरिट (Community spirit) ना हो. इसको लेकर प्लानिंग की जा रही है.

12000 लोग महाराष्ट्र से आए
अब तक 53 में से 48 मरीज की ट्रैवल हिस्ट्री मुंबई की मिली है. वहीं, अब तक महाराष्ट्र से 12000 लोग बाड़मेर जिले में घर वापसी कर चुके हैं. ऐसे में, अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) सरकार ने बढ़ते खतरे को देखते हुए राजस्थान के 11 जिलों में आईएएस (IAS) प्रभारी नियुक्त किए हैं.

प्रवासियों की इंट्री से केस में उछाल
गुरुवार को बाड़मेर प्रभारी आईएस ओमप्रकाश ने महत्वपूर्ण बैठक की. इस दौरान, निर्णय लिया गया कि, मुंबई से आए प्रवासियों का कोविड-19 (COVID-19) टेस्ट होगा. दरअसल, पिछले 15 दिनों में उन जिलों में कोविड-19 के केस सामने आए हैं, जहां पर 15 दिन पहले इक्का-दुक्का केस नजर आ रहे थे. लेकिन अचानक प्रवासियों के आने से, एकाएक कोरोना मामलों में बढ़ोतरी हो गई है.

धारावी से लौटे प्रवासियों ने बढ़ाई चिंता
विशेष तौर पर बाड़मेर जिले में अब तक 50000 लोगों की घर वापसी हो चुकी है. इसमें सब सबसे ज्यादा चिंता मुंबई से आए लोगों ने गहलोत सरकार के बढ़ा दी है. लगातार बाड़मेर में पॉजिटिव आए केस की ट्रैवल हिस्ट्री मुंबई के धारावी की बताई जा रही है.

ज्यादा से ज्यादा टेस्ट करवाएं
बाड़मेर जिले के प्रभारी आईएएस ओम प्रकाश ने बताया कि, गुरुवार को हालातों को लेकर बैठक की. सबसे बड़ी चिंता इस बात की है कि, जो प्रवासी खासतौर से मुंबई या महाराष्ट्र से आए हैं, उन लोगों का ज्यादा से ज्यादा टेस्ट करवाए जाएं, उसी को लेकर प्लानिंग चल रही है.

आदेश का पालन नहीं कर रहे प्रवासी
अधिकारी ने कहा कि, बाड़मेर जिले में समदड़ी और सिवाना में सबसे ज्यादा मुंबई के प्रवासी आए हैं. इन इलाकों से 45 केस सामने आए हैं. सरकार और प्रशासन के लिए सबसे बड़ी चिंता इस बात की है कि, जो प्रवासी होम आइसोलेशन में हैं, वह सरकार के नियमों की पालना नहीं कर रहे हैं. ऐसे ही 223 लोगों की गुरुवार को सरकार ने लिस्ट भी जारी की है. सरकार को इस बात का डर सता रहा है कि, अगर प्रवासी सरकार की गाइडलाइन की पालना नहीं करेंगे तो, बाड़मेर जिले में कोविड-19 का कम्युनिटी स्पिरिट ना हो, अब उसी को लेकर सब कुछ प्लानिंग चल रही है.

15 दिन में बढ़े कोरोना के मामले
जानकारी के अनुसार, पिछले 15 दिन से लगातार केस बढ़ने के बाद, बाड़मेर जिले में अब तक 2350 कोविड-19 टेस्ट हो चुके हैं. बुधवार को अकेले 321 सैंपल लिए गए, अब सरकार की ओर से प्रवासियों के लिए जगह-जगह सैंपल लेने के लिए टेस्ट करवाए जा रहे हैं. क्योंकि सरकार को इस बात की आशंका है कि, प्रवासियों से कोविड-19 का खतरा उन इलाकों में ज्यादा फैल सकता है, जो अभी तक कोरोना के खतरे से बाहर थे.