सीकर: जैविक खेती के लिए किसान को मिला पद्मश्री, जनता ने कहा...

पानी की किल्‍लत से जूझ रहे सीकर जिले के किसान अपनी खेती की पैदावार बढ़ाने की दिशा में नवाचार कर रहे हैं.

सीकर: जैविक खेती के लिए किसान को मिला पद्मश्री, जनता ने कहा...
पद्मश्री मिलने से सीकर के किसान खासे उत्‍साहित हैं.

अशोक शेखावत/सीकर: एक साल में सीकर जिले के दो किसानों को खेती में नवाचारों के लिए मिल चुके दो पद्मश्री अवार्ड से सीकर के किसानों में खुशी की लहर है. किसान इसे किसानों के नवाचारों के लिए हौसला अफजाई मानते हुए राष्‍ट्रपति व केन्‍द्र सरकार सरकार के प्रति आभार जता रहे है. दो पद्मश्री अवार्ड मिलने से सीकर जिले के किसानों में एक नई उमंग का संचार हुआ है.

पानी की किल्‍लत से जूझ रहे सीकर जिले के किसान अपनी खेती की पैदावार बढ़ाने की दिशा में नवाचार कर रहे हैं. इन नवाचारो को राष्‍ट्रीय स्‍तर पर अवार्ड मिल रहे हैं. इसी सप्‍ताह सीकर के दाता के किसान सूंडाराम को पद्मश्री अवार्ड देने की घोषणा की गई है. इसके बाद किसानों के खेती में नवाचारों को वरदान मिला है. जहां, गत वर्ष खेती में नवाचारो के लिए सीकर के ही अजीतगढ़ के जगदीश पारीक को भी पद्मश्री अवार्ड से नवाजा गया. लगातार एक साल में दूसरा पद्मश्री अवार्ड भी खेती में नवाचार करने पर मिलने से सीकर के किसान खासे उत्‍साहित है.

दाता गांव के किसान सूंडाराम पानी की बचत और बरसाती पानी को सहजने व खेती की किस्‍म में सुधार के लिए पद्मश्री अवार्ड मिलने से खासे प्रसन्‍न है. वहीं, किसानों व आमजन ने उनका सम्‍मान भी किया. सूंडाराम बताते हैं कि एक लीटर पानी से पौधे को पनपाने की तकनीका अपनाने व खेत में बीस लाख बरसाती पानी को सहेजने और खेती करने तथा खेती में कम पानी से खेती में पैदावार बढ़ाने पर उन्‍हें यह सम्‍मान मिला है. इससे किसानों में नई उर्जा का संचार होगा और वे प्रोत्‍साहित होंगे.

जहां, पिछले वर्ष जगदीश पारीक को भी खेती में नवाचार और जैविक खेती और खेती की पैदावार बढ़ाने के लिए पद्मश्री अवार्ड से नवाजा जा चुका है. इससे किसानों का खेती के प्रति और लगाव बढ़ा और कम पानी से खेती कैसी की जा सकती है. बिना कैमिकल खाद से किस तरह से पैदावार की जा सकती है. कैसे पैदावार बढ़ाया जा सकता है, इन तमाम नवाचारो के लिए जगदीश पारीक को अवार्ड मिलने के बाद कई किसानो ने जैविक खेती के प्रति लगाव बढ़ा है. जगदीश पारीक बताते हैं कि किसानों को दिए जाने वाले ऐसे अवार्ड से किसान प्रोत्‍साहित होंगे.

राजस्‍थान में प्‍याज उत्‍पादन के लिए पहले पायदान पर और देशभर में दूसरे स्‍थान पर आने वाले सीकर जिले में लगातार किसानो को खेती में नवाचारों पर मिलने वाले अवार्ड से किसानों में खासा उत्‍साह है. यह किसानों को प्रोत्‍साहित करने वाला ऐतिहासिक कदम भी साबित होगा.