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सिद्धू ने राहुल के बाद CM को भेजा इस्तीफा, अब अमरिंदर सिंह के फैसले पर टिकीं निगाहें

ट्वीट के जरिए इसकी जानकारी देते हुए सिद्धू ने बताया कि उन्होंने मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को अपना इस्तीफा भेज दिया है. उन्होंने मुख्यमंत्री के सरकारी आवास पर यह इस्तीफा भेजा है.

सिद्धू ने राहुल के बाद CM को भेजा इस्तीफा, अब अमरिंदर सिंह के फैसले पर टिकीं निगाहें
विभाग में हुए बदलाव से नाराज थे सिद्धू. (फोटो साभारः ANI)

नई दिल्लीः नवजोत सिंह सिद्धू के मंत्री पद से दिए इस्तीफे के बाद पंजाब की सियासत एक बार फिर गर्मा गई है. सिद्धू ने पहले तो कांग्रेस के पूरव राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी को अपना इस्तीफा सौंपा, लेकिन जब अन्य नेताओं ने इसे तकनीकी रूप से गलत ठहराया और सिद्धू को मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को इस्तीफा सौंपने की बात कही तो अब इस पर अमल करते हुए सिद्धू ने सीएम को भी अपना इस्तीफा भेज दिया है. 

ट्वीट के जरिए इसकी जानकारी देते हुए सिद्धू ने बताया कि उन्होंने मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह को अपना इस्तीफा भेज दिया है. उन्होंने मुख्यमंत्री के सरकारी आवास पर यह इस्तीफा भेजा है. बता दें सिद्धू के इस्तीफे से पूरे राजनीति जगत में हलचल मची हुई है. वहीं सिद्धू के इस्तीफे के बाद एक बार फिर पंजाब कांग्रेस दो धड़ों में बंटी हुई नजर आ रही है, जिनमें से एक सिद्धू तो दूसरा धड़ा मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह की तरफ नजर आ रहा है.

बता दें मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह और नवजोत सिंह सिद्धू के बीच काफी समय से टकराव चला आ रहा है. दोनों के बीच के मतभेद का इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने तो सिद्धू पर लोकसभा चुनाव में कांग्रेस को मिली हार का दोष भी मढ़ दिया था. वहीं हाल ही में मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने जब विभाग का बदलाव किया तो भी उन्होंने नवजोत सिंह सिद्धू पर अपने कार्य को सही ढंग से ना करने का आरोप लगाते हुए उनके भी विभाग में बदलाव कर दिया था.

नवजोत सिंह सिद्धू ने कांग्रेस सरकार से दिया इस्तीफा, CM अमरिंदर सिंह से चल रहा था टकराव

विभाग में बदलाव किए जाने से नाराज सिद्धू ने रविवार को सार्वजनिक तौर पर अपने इस्तीफे की घोषणा करते हुए ट्विटर पर भी अपना इस्तीफा शेयर किया. हालांकि, उन्होंने अपना इस्तीफा 10 जून को ही राहुल गांधी को सौंप दिया था, लेकिन इसका खुलासा उन्होंने 14 जुलाई को किया. जिसके बाद पूरे राजनीति जगत में हलचल मची हुई है.