नंदी को दलित विरोधी टिप्पणी के लिए नोटिस जारी

जयपुर पुलिस ने समाजशास्त्री आशीष नंदी को मंगलवार को एक नोटिस जारी करते हुए जयपुर साहित्य महोत्सव में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजातियों के खिलाफ उनकी विवादित टिप्पणी को लेकर उन्हें अपने समक्ष पेश होने के लिए कहा है।

जयुपर : जयपुर पुलिस ने समाजशास्त्री आशीष नंदी को मंगलवार को एक नोटिस जारी करते हुए जयपुर साहित्य महोत्सव में अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजातियों के खिलाफ उनकी विवादित टिप्पणी को लेकर उन्हें अपने समक्ष पेश होने के लिए कहा है।
जयपुर साहित्य महोत्सव के प्रोड्यूसर संजय कपूर से भी पुलिस आज पूछताछ कर सकती है। एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि हमने आयोजक को सम्मन भेजा था लेकिन वह कार्यक्रम को लेकर व्यस्त थे और कल नहीं आ पाए लेकिन उन्हें आज आगे की जांच के लिए बुलाया गया है।
उन्होंने कहा कि हम शिकायतकर्ता राजपाल मीणा का बयान भी दर्ज करेंगे। अधिकारी ने कहा कि नंदी को नोटिस भेजा गया है और पुलिस उनका बयान दर्ज करेगी। अतिरिक्त पुलिस आयुक्त बीजू जॉर्ज जोसफ ने सोमवार को कहा कि आयोजकों से शहर में ही रहने के लिए कहा गया है क्योंकि नंदी के खिलाफ उस टिप्पणी के लिए जांच चल रही है, जिसमें उन्होंने कहा था कि अन्य पिछड़ा वर्ग, अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लोग सबसे भ्रष्ट होते हैं।
रॉय ने कल कहा कि ‘मैंने आदेश का पालन करते हुए जेएलएफ दल की तरफ से पत्रों पर हस्ताक्षर कर दिए। अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति राजस्थान मंच के अध्यक्ष राजपाल मीणा ने शनिवार को नंदी और रॉय के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। हालांकि नंदी को कुछ धड़ों से समर्थन मिल रहा है।
दलित लेखक कांचा इलैया ने कहा कि यह कि अच्छे इरादों के साथ दिया गया एक बुरा बयान था। इलैया ने यहां एक बयान में कहा कि प्रोफेसर आशीष नंदी ने अच्छे इरादों के साथ एक बुरा बयान दिया, जितना मुझे पता है वह कभी भी आरक्षण के खिलाफ नहीं रहे हैं। यह विवाद यहीं समाप्त हो जाना चाहिए। (एजेंसी)