Advertisement
trendingNow,recommendedStories0/zeesalaam/zeesalaam1280905
Zee SalaamZee Salaam ख़बरें‘रेत समाधि’ की लेखिका गीतांजलि श्री पर उपन्यास में हिंदू देवी-देवताओं के अपमान का लगा इल्जाम

‘रेत समाधि’ की लेखिका गीतांजलि श्री पर उपन्यास में हिंदू देवी-देवताओं के अपमान का लगा इल्जाम

Ret Samadhi writer Gitanjali Shri: शिकायत मिलने के बाद बुकर पुरस्कार विजेता गीतांजलि श्री का आगरा में आयोजित होने वाला सम्मान कार्यक्रम किया गया स्थगित. लेखिका ने आरोपों को किया खारिज. 
 

 लेखिका गीतांजलि श्री
लेखिका गीतांजलि श्री

आगरा/हाथरसः अंतरराष्ट्रीय बुकर पुरस्कार से सम्मानित भारतीय लेखिका गीतांजलि श्री के सम्मान में आगरा में शनिवार को आयोजित होने वाले अभिनंदन समारोह को इस वजह से ऐन मौके पर रद्द कर दिया, क्योंकि लेखिका के खिलाफ किसी ने उनके उपन्यास में हिंदू देवी-देवताओं का मजाक उड़ाने का आरोप लगाया है. आगरा के होटल क्लार्क शीराज में आयोजित होने वाले इस कार्यक्रम के प्रमुख आयोजक वरिष्ठ संस्कृतिकर्मी अनिल शुक्ल और सामाजिक कार्यकर्ता हरविजय बाहिया ने प्रोग्राम रद्द होने की जानकारी दी है.

शिव और देवी पार्वती के बारे में आपत्तिजनक संदर्भः शिकायती 
उल्लेखनीय है कि गीतांजलि श्री के उपन्यास ‘रेत समाधि’ के खि़लाफ सादाबाद (हाथरस) के निवासी संदीप कुमार पाठक ने कोतवाली में शिकायत देकर आरोप लगाया है कि इसमें हिंदू देवता शिव और देवी पार्वती के बारे में आपत्तिजनक संदर्भ दिया गया है. पाठक ने एक ट्वीट कर इसे उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और पुलिस महानिदेशक से शिकायत को प्राथमिकी में बदलने की अपील की है. स्थानीय पुलिस ने इस मामले में जांच के बाद कार्रवाई का भरोसा दिया है. 

अभी मुकदमा दर्ज नहीं हुआ है 
इसी बीच, हाथरस के पुलिस क्षेत्राधिकारी ब्रह्म सिंह ने बताया कि लेखिका गीतांजलि श्री के खिलाफ संदीप कुमार ठाकुर नाम के एक शख्स ने शिकायत दी गई है, लेकिन उसकी अभी जांच चल रही है. फिलहाल, कोई मुकदमा दर्ज नहीं किया गया है. ‘अभिनंदन समिति’ के प्रवक्ता रामभरत उपाध्याय ने बताया कि इन सब घटनाओं से गीतांजलि श्री बेहद दुखी हैं. 

Add Zee News as a Preferred Source

उपन्यास को जबरन राजनीतिक विवाद में घसीटा जा रहाः लेखिका 
वहीं, इस पूरे मामले पर लेखिका का कहना है कि उनके इस उपन्यास को जबरन राजनीतिक विवाद में घसीटा जा रहा है.उन्होंने कहा है कि उपन्यास में किए गए उल्लेख भारत के मिथकीय और शास्त्रीय साहित्य का अभिन्न हिस्सा हैं. इसमें लेखक ने अपनी तरफ से कुछ नहीं लिखा है. गौरतलब है कि हिंदी की मशहूर लेखिका गीतांजलि श्री को उनके उपन्यास ‘रेत समाधि’ के अंग्रेजी अनुवाद ‘सैंड ऑफ टॉम्ब’ के लिए 2022 के ‘बुकर पुरस्कार’ से सम्मानित किया गया है.

ऐसी ही खबरों के लिए विजिट करें zeesalaam.in 

TAGS

Trending news