बंद करो Amazon की दुकान! गुस्साए व्यापारियों की मांग, बोले- 'Flipkart भी दूध का धुला नहीं'
Advertisement
trendingNow1850734

बंद करो Amazon की दुकान! गुस्साए व्यापारियों की मांग, बोले- 'Flipkart भी दूध का धुला नहीं'

 ई-कॉमर्स दिग्गज कंपनी Amazon कैसे देश के कानून की धज्जियां उड़ाकर अपना कारोबार कर रही है, इसे लेकर Reuters ने एक रिपोर्ट छापी थी, जिसके बाद से ही बवाल मचा हुआ है.

प्रतीकात्मक तस्वीर.

नई दिल्ली: ई-कॉमर्स दिग्गज कंपनी Amazon कैसे देश के कानून की धज्जियां उड़ाकर अपना कारोबार कर रही है, इसे लेकर Reuters ने एक रिपोर्ट छापी थी, जिसके बाद से ही बवाल मचा हुआ है. भारतीय रीटेल विक्रेताओं ने सरकार से इस मुद्दे को गंभीरता से लेने और देश में Amazon के कारोबार पर तुरंत प्रतिबंध लगाने की मांग की है. 

Amazon के खिलाफ रीटेल विक्रेता 

दरअसल, Reuters में एक रिपोर्ट छपी है, जिसमें कुछ दस्तावेजों के हवाले से ये कहा गया है कि अमेजन की वेबसाइट के जरिये भारत में होने वाली कुल ऑनलाइन बिक्री का दो-तिहाई हिस्‍सा उसके महज 35 सेलर्स के हाथों में है. अपने कुछ ही विक्रेताओं को तरजीह देने के बाद देश के रीटेल कारोबारी विरोध पर उतर आए हैं. Reuters की रिपोर्ट में इस बात का भी जिक्र है कि इसके ऑनलाइन प्लेटफ़ॉर्म ने भारतीय रेगुलेटर्स को धोखे में रखा और गोपनीय रणनीति बनाई. Reuters ने जिन डॉक्यूमेंट्स का हवाला दिया है वो 2012 से 2019 के बीच के हैं.  

ये भी पढ़ें- Gold Price Today, 18 February 2021: इस साल 1 लाख रुपये पहुंचेगा चांदी का भाव! सोना छुएगा 58,000 रुपये

VIDEO

Amazon पर तुरंत बैन लगाने की मांग 

भारत में 8 करोड़ खुदरा स्टोर का प्रतिनिधित्व करने वाले कन्फेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) ने कहा है कि 'Reuters की ये रिपोर्ट चौंकाने वाली है. इसलिए भारत में अमेजन के कामकाज पर तुरंत बैन लगा देना चाहिए. हालांकि, Amazon ने इन आरोपों पर अबतक किसी भी तरह का कोई बयान जारी नहीं किया है. 

Amazon ने Reuters की रिपोर्ट को बताया गलत

इधर Amazon ने Reuters की रिपोर्ट को रीट्वीट करते हुए कहा कि हम रिपोर्ट की आलोचना करते हैं और ये रिपोर्ट अधूरी और तथ्यात्मक रूप से गलत है. कंपनी का कहना है कि Amazon भारतीय कानूनों का अनुपालन करता है. इस मामले पर भारत के वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के एक प्रवक्ता से संपर्क करने पर उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया. 

'Flipkart भी दूध की धुली नहीं'

CAIT का आरोप है कि इस रिपोर्ट के सामने आने के बाद कारोबार करने के Amazon के हथकंडे सबके सामने आ गए हैं. Amazon अपनी खुद की कंपनियों से ही 80-85 परसेंट माल ऑनलाइन बेचती है. CAIT का कहना है कि Amazon ही नहीं Flipkart भी ऐसे काम करती है, ये कंपनी भी कोई दूध की धुली नहीं है. 26 फरवरी को व्यापारी धरना देंगे और Amazon, Flipkart को के खिलाफ कार्रवाई की मांग करेंगे. 

ये भी पढ़ें- सैलरीड क्लास के लिए खुशखबरी, इस साल बढ़ेगी बंपर सैलरी! सर्वे का खुलासा- कई सेक्टर्स करेंगे डबल डिजिट में इंक्रीमेंट

LIVE TV

Trending news