राजस्थान: सुरक्षा के लेकर सरकार ने बदली NRC-CAA पर विरोध प्रदर्शन की जगह

इस बैठक में मुख्यमंत्री ने रैली से जुड़े सिविल सोसायटी के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा की और बैठक में इस बात पर सहमति बनी कि अब रैली कर्बला की बजाय मोती डूंगरी रोड पर निकाली जाएगी.

राजस्थान: सुरक्षा के लेकर सरकार ने बदली NRC-CAA पर विरोध प्रदर्शन की जगह
अब रैली कर्बला की बजाय मोती डूंगरी रोड पर निकाली जाएगी.

जयपुर: नागरिकता संशोधन कानून व एनआरसी के विरोध में कांग्रेस की तरफ से 22 दिसम्बर को जयपुर में शांति मार्च का आयोजन किया जाएगा. इस शांति मार्च में राहुल गांधी की भी शामिल होने की संभावना है. सिविल सोसायटी सहित अन्य संगठन भी इस शान्ति मार्च में शामिल होंगे.

बता दें कि, नागरिकता संशोधन कानून व एनआरसी के विरोध में देश में जगह-जगह समर्थन व विरोध में प्रदर्शन हो रहे हैं. राजधानी जयपुर में शुक्रवार को बीजेपी द्वारा समर्थन में रैली निकाली गई. वहीं, अब कांग्रेस ने विरोध में 22 दिसम्बर को शांति मार्च निकालने का फैसला किया है. कार्यक्रम को अंतिम रूप देने के लिए आज मुख्यमंत्री आवास पर अहम बैठक हुई. 

इस बैठक में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत, डिप्टी सीएम सचिन पायलट, मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास, मुख्य सचेतक महेश जोशी, विधायक रफीक खान व अमीन कागजी के अलावा सिविल सोसाइटी के प्रतिनिधि मौजूद थे. इस मार्च में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के अलावा मंत्रिमंडल के सदस्य और पीसीसी पदाधिकारी शामिल होंगे. साथ ही विभिन्न संगठनों के कार्यकर्ता भी शांति मार्च के माध्यम से सीएए का विरोध जताएंगे. 

वहीं, कांग्रेस के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी के भी बीच मार्च में शामिल होने की संभावना है. इससे पहले मुख्यमंत्री आवास पर हुई बैठक में दिल्ली रोड पर स्थित कर्बला में रैली निकालने को लेकर बनी स्थिति पर चर्चा हुई. इस बैठक में मुख्यमंत्री ने रैली से जुड़े सिविल सोसायटी के प्रतिनिधियों के साथ चर्चा की और बैठक में इस बात पर सहमति बनी कि अब रैली कर्बला की बजाय मोती डूंगरी रोड पर निकाली जाएगी. यही रैली बाद में अल्बर्ट अल्बर्ट हॉल से शुरू होने वाले शांति मार्च में शामिल हो जाएगी.

कर्बला में रैली होने पर कानून व्यवस्था बिगड़ने की संभावना नजर आ रही थी, ऐसे में प्रदेश में शांति अमन कायम रखने की कवायद में मुख्यमंत्री अशोक गहलोत की पहल पर रैली से जुड़े आयोजन इस बात पर सहमत हो गए कि सीएए के विरोध में होने वाली रैली का स्थान बदला जाए. नागरिकता संशोधन कानून का विरोध देश के हर हिस्से में हो रहा है और कांग्रेस ने खुलकर इसका विरोध किया है. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने आज अपने आवास पर सिविल सोसायटी के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में फिर से दोहराया कि वह किसी भी सूरत में सीएए को राजस्थान में लागू नहीं देंगे.