जयपुर: शिक्षा मंत्री डोटासरा का बड़ा बयान, तय समय पर होगी व्याख्याता भर्ती परीक्षा

अभ्यर्थियों की मांग पर मंगलवार को सरकार से वार्ता के लिए सांसद किरोड़ी लाल मीणा सीएमओ पहुंचे, जहां उन्होंने मुख्यमंत्री के साथ वार्ता की. इसके बाद तय किया गया कि आरपीएससी व्याख्याता भर्ती परीक्षा अपने निर्धारित समय यानी 3 से 13 जनवरी के बीच आयोजित करवाई जाएगी.

जयपुर: शिक्षा मंत्री डोटासरा का बड़ा बयान, तय समय पर होगी व्याख्याता भर्ती परीक्षा
यह भर्ती परीक्षा तय समय पर की जाएगी.

जयपुर: स्कूल व्याख्याता भर्ती परीक्षा (School Lecturer recruitment exam) सही समय पर ही आयोजित की जाएगी. मुख्यमंत्री अशोक गहलोत (Ashok Gehlot) के साथ मंगलवार को हुई बातचीत में सरकार ने बीच का रास्ता निकाल लिया. 

इसके अनुसार यह भर्ती परीक्षा तय समय पर की जाएगी. इसके साथ ही अन्य बच्चों की मांग पर उन्हें राहत देते हुए 3000 पदों पर सितंबर माह में भर्ती निकाली जाएगी.

स्कूल व्याख्याता भर्ती परीक्षा की तिथि आगे बढ़ाने की मांग को लेकर पिछले काफी समय से अभ्यर्थी आंदोलन कर रहे थे. अभ्यर्थियों की मांग पर मंगलवार को सरकार से वार्ता के लिए सांसद किरोड़ी लाल मीणा सीएमओ पहुंचे, जहां उन्होंने मुख्यमंत्री के साथ वार्ता की. इसके बाद तय किया गया कि आरपीएससी व्याख्याता भर्ती परीक्षा अपने निर्धारित समय यानी 3 से 13 जनवरी के बीच आयोजित करवाई जाएगी.

बैठक के बाद शिक्षा राज्य मंत्री गोविंद सिंह डोटासरा ने कहा कि व्याख्याता भर्ती परीक्षा अपने तय समय पर होगी. विगत 2 वर्षों से अध्यनरत लाखों अभ्यर्थियों के हितों के मद्देनजर तथा जुलाई 2020 से प्रारंभ होने वाले नए शैक्षणिक सत्र में रिक्त पदों पर व्याख्याता उपलब्ध हो सके इसके लिए वर्तमान में चल रही 5000 पदों की व्याख्याता भर्ती परीक्षा 2018 का आयोजन के समय पर ही किया जाएगा. यह भी निर्णय भी लिया गया कि आगामी सितंबर माह में नवीन व्याख्याता भर्ती परीक्षा आयोजित करने के लिए प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी इससे वर्तमान सत्र में अध्ययनरत छात्र भी नई भर्ती के लिए पात्र हो पाएंगे.

2 अगस्त को 31,000 शिक्षकों की भर्ती के लिए रीट भर्ती परीक्षा होगी. शिक्षा राज्यमंत्री ने बताया कि यह भी तय किया गया कि तृतीय श्रेणी अध्यापकों के 31000 पदों को भरने के लिए 2 अगस्त 2020 को आगामी रीट परीक्षा आयोजित की जाएगी. इससे बेरोजगार अभ्यर्थियों को रोजगार के अवसर मिलेंगे. जनजाति उपयोजना क्षेत्र के अभ्यर्थियों की मांग को ध्यान में रखते हुए इनमें से 6080 पद क्षेत्र के अभ्यर्थियों के लिए आरक्षित रहेंगे.