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जयपुर: बिजली विभाग की मनमानी, सुरक्षा के नाम पर दे रहे सिंगल प्वाइंट कनेक्शन

हालात यह है कि अगर कोई उपभोक्ता व्यक्तिगत कनेक्शन के अदालती आदेश भी ले आता हैं तो कनेक्शन देने में आनाकानी की जा जाती है. 

जयपुर: बिजली विभाग की मनमानी, सुरक्षा के नाम पर दे रहे सिंगल प्वाइंट कनेक्शन
पड़ताल में सामने आया कि बिजली की दरें 10 रुपए प्रति यूनिट वसूली जा रही है.

अंकित तिवाड़ी/जयपुर: ऊर्जा महकमा खुद तो घाटे से जुझ रहा हैं लेकिन मिलीभगत से अपने चहेतों की चांदी किए हुए है. प्रदेश में सैंकड़ों बड़े भवनों में सिंगल पॉइंट कनेक्शन के अलावा व्यक्ति कनेक्शन जारी नहीं कर भवन निर्माताओं और संचालकों को अधिक पैसा कमाने की खुली छूट दिए हुए है. हालात यह है कि अगर कोई उपभोक्ता व्यक्तिगत कनेक्शन के अदालती आदेश भी ले आता हैं तो कनेक्शन देने में आनाकानी की जा जाती है. इन भवनों के मालिक औसतन 6 रुपए प्रति यूनिट मिलने वाली बिजली के 10 से 13 रुपए प्रति यूनिट वसूल रहे हैं. उपभोक्ताओं के विरोध करने पर उनके कनेक्शन काट कर बत्ती गुल करने से भी नहीं हिचकते.

जयपुर डिस्कॉम की ही बात करें तो ऐसे नियम नहीं हैं कि बड़े भवनों में व्यक्तिगत कनेक्शन नहीं दिए जाए. डिस्कॉम ने अपनी सुविधा और बिल्डर्स को मनमानी दरों पर बिजली बिल वसूली के अधिकार दे रखे हैं. जयपुर में 50 से अधिक मॉल हैं, जिनमें पुराने मॉल में तो फिर भी बहुतायत से व्यक्तिगत बिजली कनेक्शन जारी किए हुए हैं, लेकिन नए बनने वाली आवासीय और कॉमर्शियल बिल्डिंग्स में निजी कनेक्शन की बजाय सिंगल पॉइंट कनेक्शन ही जारी किए जा रहे हैं. डिस्कॉम के इस कदम से भवन में बिजली सप्लाई और उसकी मनमानी दरें तय करने का अधिकारी पूरी तरह निर्माताओं और संचालकों के जिम्मे छोड़ दिया गया. 

यहीं से उपभोक्ताओं से लूट का खेल शुरू हैं. हमारी पड़ताल में सामने आया कि किसी भी जगह बिजली यूनिट की दरें 10 रुपए प्रति यूनिट से कम नहीं पाई गई. कई जगह तो यह दर 13 रुपए प्रति यूनिट या इससे अधिक पाई गई. कई उपभोक्ता ने अवैध वसूली की शिकायतें भी की, लेकिन बिजली अधिकारियों ने मौके पर जाकर निरीक्षण की जहमत तक नहीं उठाई. 

डिस्कॉम प्रति यूनिट अधिक राशि वसूलने के पीछे का कारण संचालको की ओर से पॉवर बैकअप की दी जा रही सुविधा को ठहराता हैं लेकिन यह राशि बिजली बिल में जोड़कर वसूलना नियमों में नहीं है. टैक्स के दायरे में भी यह राशि नहीं आती है. इससे राजस्थान सरकार और ऊजा महकमे को राजस्व का नुकसान हो रहा हैं, फायदा केवल ऐसे बिल्डिंग संचालकों का हैं. सिंगल पॉइंट कनेक्शन बिल्डिंग में होने के बावजूद किसी को भी अलग से डायरेक्ट व्यक्तिगत कनेक्शन प्राप्त करना सरकारी नियमों में है. 

ऊर्जा महकमा अगर बिजली कनेक्शन जारी करते समय बड़े भवनों के उपभोक्तओं के निजी कनेक्शन का ध्यान रखें तो उपभोक्तओं के व्यक्तिगत कनेक्शन लेने के अधिकार और आर्थिक हितों की रक्षा कर कर सकता है. डिस्कॉम के अधिकारियों को ना केवल इस मामले को रिव्यू कर पीड़ितों को राहत देने की पहल करनी चाहिए साथ ही तय दर से बहुत अधिक राशि वसूल रहे बड़े भवनों पर औचक निरीक्षण भी करना चाहिए.