राम मंदिर मसले पर बोलीं स्मृति ईरानी, 'कोर्ट की कार्यवाही में कांग्रेस डाल रही है बाधा'

उन्होंने कहा कि कांग्रेस को राम मंदिर मुद्दे पर अपने वकीलों के जरिए राजनीति नहीं करनी चाहिए क्योंकि यह लोगों की आस्था का सवाल है. 

 राम मंदिर मसले पर बोलीं स्मृति ईरानी, 'कोर्ट की कार्यवाही में कांग्रेस डाल रही है बाधा'
केन्द्रीय मंत्री स्मृति ईरानी की फाइल फोटो.

अमेठी: केन्द्रीय मंत्री स्मृति ईरानी ने राम मंदिर मुद्दे को लेकर कांग्रेस पर अदालत की कार्यवाही में बाधा उत्पन्न करने का आरोप लगाया है. स्मृति ईरानी ने शुक्रवार (04 जनवरी) को कहा कि कांग्रेस को राम मंदिर मुद्दे पर अपने वकीलों के जरिए राजनीति नहीं करनी चाहिए क्योंकि यह लोगों की आस्था का सवाल है. 

उन्होंने कहा कि कांग्रेस के नेता, जो वकील हैं, अदालत की कार्यवाही में बाधा उत्पन्न कर रहे हैं. जनता और राम भक्त कांग्रेस से सवाल करें कि क्या उनके नेता तीन राज्यों के चुनाव के लिए ही जनेऊ धारण करते हैं.

राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद (अयोध्‍या विवाद) को लेकर दायर अपीलों पर शुक्रवार (04 जनवरी) को सुप्रीम कोर्ट ने सुनवाई 10 जनवरी के लिए टाल दी है. सुप्रीम कोर्ट ने कहा है कि इस मामले के लिए नई बेंच का गठन किया जाएगा. 3 जजों की यह नई बेंच तय करेगी कि अयोध्‍या विवाद की रोजाना सुनवाई हो या नहीं. चीफ जस्टिस रंजन गोगोई इस नई बेंच का गठन करेंगे. साथ ही सुप्रीम कोर्ट ने एक वकील की ओर से दायर की गई उस जनहित याचिका को भी खारिज कर दिया है, जिसमें अयोध्‍या विवाद की रोजाना और जल्‍द सुनवाई की मांग की गई थी. 

यह मामला प्रधान न्यायाधीश रंजन गोगोई और न्यायमूर्ति संजय किशन कौल की पीठ के समक्ष सूचीबद्ध था. इस पीठ द्वारा इलाहाबाद हाईकोर्ट के सितंबर, 2010 के फैसले के खिलाफ दायर 14 अपीलों पर सुनवाई के लिये तीन सदस्यीय न्यायाधीशों की पीठ गठित किए जाने की उम्मीद थी.

उल्लेखनीय है कि स्मृति ईरानी ने 2014 का लोकसभा चुनाव यहीं से लड़ा था और वह कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी से हार गई थीं लेकिन उन्होंने अमेठी की जनता से बराबर संपर्क बनाये रखा. उम्मीद है कि आगामी लोकसभा चुनाव भी स्मृति ईरानी यहीं से लड़ें. 

आपको बता दें कि कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी चार और पांच जनवरी को अमेठी में रहेंगे. राहुल गांधी चार जनवरी को अमेठी पहुंचकर स्वागत कार्यक्रम के बाद नुक्कड़सभा में शामिल होंगे. इसके बाद परसादेपुर, नसीराबाद और परैया नमकसार होते हुए जिला मुख्यालय गौरीगंज पहुंचेंगे.