खेल दिग्गज मानते हैं 'गेम चेंजर' साबित होगा खेलो इंडिया स्कूल गेम्स

टीआईडीसी में 70 से अधिक पूर्व अर्जुन पुरस्कार, द्रोणाचार्य पुरस्कार और खेल रत्न से सम्मानित दिग्गज शामिल हैं. 

खेल दिग्गज मानते हैं 'गेम चेंजर' साबित होगा खेलो इंडिया स्कूल गेम्स
2024 और 2028 ओलम्पिक को ध्यान मे रखते हुए खेलों इंडिया की नींव रखी (फाइल फोटो)

नई दिल्ली: खेल एवं युवा मामलों के मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कर्नल (रिटायर्ड) कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़ से मंगलवार को मुलाकात करने वाले टैलेंट आडेंटिफिकेशन कमिटि (टीआईडीसी) में शामिल खेल दिग्गजों ने मंगलवार को कहा खेलो इंडिया स्कूल गेम्स भारत में जमीनी स्तर पर प्रतिभा को तलाशने और उसे निखारने की दिशा में एक 'गेम चेंजर' साबित होगा. खेल मंत्री से मुलाकात करने वाले सभी खेल दिग्गजों ने खेलो इंडिया स्कूल गेम्स के पहले संस्करण को सफलता के आधार पर पूरे अंक दिए और एक स्वर में मंत्रालय के इस प्रयास की सराहना की. 

टीआईडीसी में 70 से अधिक पूर्व अर्जुन पुरस्कार, द्रोणाचार्य पुरस्कार और खेल रत्न से सम्मानित दिग्गज शामिल हैं. खेल मंत्री के साथ इन दिग्गजों की बैठक खेलो इंडिया स्कूल गेम्स की शुरुआत के बाद सामने आई प्रतिभाओं पर चर्चा के लिए आयोजित की गई थी. 

एथेंस ओलम्पिक में देश के लिए पहला व्यक्तिगत रजत पदक जीतने वाले निशानेबाज राठौड़ ने कहा, "हमने 2024 और 2028 ओलम्पिक को ध्यान मे रखते हुए प्रतिभाओं की तलाश के लिए खेलो इंडिया स्कूल गेम्स की नींव रखी है. टीआईडीसी में शामिल सभी दिग्गज काफी करीब से इन खेलों में हिस्सा ले रही प्रतिभाओं को देख रहे हैं. ये सभी मानते हैं कि हमारे पास प्रतिभा की कोई कमी नहीं है."

"खेलो इंडिया स्कूल गेम्स का आइडिया प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को नियमित प्रतिस्पर्धा में बनाए रखना है. ये स्कूल गेम्स से कॉलेज गेम्स में आएंगे और फिर ये एशियाई खेलों और राष्ट्रमंडल खेलों में हिस्सा लेने के बाद अंतत: देश के लिए ओलम्पिक में सम्मान हासिल करने का प्रयास करेंगे."

खेल मंत्री ने इस दौरान मीडिया के साथ भी संवाद किया. मंत्री ने कहा, "हम खेलो इंडिया स्कूल गेम्स के पहले संस्करण से 538 एथलीटों का चयन करेंगे और इनमें अन्य 462 एथलीटों को जोड़ा जाएगा. लेकिन अगर हमारे विशेषज्ञ और टीआईडीसी के सदस्य यह कहते हैं कि हमारे देश में इससे अधिक प्रतिभा है तो हम इस संख्या को बढ़ाने पर भी विचार कर सकते हैं. इन युवाओं के लिए शिक्षा और खेल की समानांतर व्यवस्था की जाएगी."

इस बैठक में भारत सरकार के खेल सचिव राहुल भटनागर, डीडीजी, साई तथा खेलो इंडिया स्कूल गेम्स के सीईओ संदीप प्रधान भी उपस्थित थे. भटनागर ने कहा, "इस साल 16 खेलों को लेकर यह प्रतियोगिता आयोजित की गई और हम इसमें और खेलों को जोड़ेंगे. हम चाहते हैं कि हमारे दिग्गज कुछ और खिलाड़ियों का नाम सुझाएं और उनकी प्रतिभा पर नजर रखें. "

टीआईडीसी में शामिल दिग्गजों में 2000 में भारोत्तोलन का कांस्य जीतने वाली कर्णण मल्लेश्वरी, पूर्व विश्व चैम्पियन कुंजा रानी देवी, हॉकी स्टार जगबीर सिंह, फुटबॉल स्टार आईएम विजयन, मुक्केबाजी कोच जीएस संधू, ओलम्पिक शूटर मानसेर सिंह और कई अन्य शामिल हैं. इस सप्ताह पूर्व एथलीट पीटी ऊषा, पहलवान सुशील कुमार और अन्य दिग्गजों ने खेलो इंडिया स्कूल गेम्स के पहले संस्करण में हिस्सा ले रही प्रतिभाओं को करीब से देखा. 

ये सभी दिग्गज अगले कुछ दिनों तक दिल्ली में ही रहेंगे और विभिन्न खेलों के दौरान प्रतिभाओं पर नजर रखेंगे और फिर इसके अंत में कमिटी को अपनी सिफारिशें देंगे.