TMC विधायक की हत्या मामले में BJP नेता मुकुल राय पर FIR

पश्चिम बंगाल पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि प्राथमिकी में चार लोगों का नाम है जिनमें से दो को गिरफ्तार कर लिया गया है. 

TMC विधायक की हत्या मामले में BJP नेता मुकुल राय पर FIR
मुकुल रॉय ने पिछले साल ही टीएमसी से बीजेपी में आए हैं.
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कोलकाता: पश्चिम बंगाल के नादिया जिले में तृणमूल कांग्रेस के विधायक सत्यजीत बिस्वास की हत्या के मामले में रविवार को बीजेपी नेता मुकुल राय समेत चार लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है. पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने यह जानकारी दी. पश्चिम बंगाल पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि प्राथमिकी में चार लोगों का नाम है जिनमें से दो को गिरफ्तार कर लिया गया है. राज्य विधानसभा की किशनगंज विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले बिस्वास (41) की शनिवार शाम जिले के फूलबाड़ी इलाके में एक सरस्वती पूजा पंडाल में अज्ञात हमलावरों ने निकट से गोली मारकर हत्या कर दी थी. उन्हें तत्काल एक स्थानीय अस्पताल ले जाया गया जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.

अधिकारी ने कहा, 'इस मामले में हमनें अब तक दो लोगों को गिरफ्तार किया है जबकि तीन अन्य को हिरासत में लिया गया है. विधायक को गोली मारने के लिए इस्तेमाल हुई देसी रिवॉल्वर भी बरामद की गई है.' उन्होंने कहा, 'हमारी शुरुआती जांच के मुताबिक, ऐसा लगता है कि पीड़ित को पीछे से गोली मारी गई और यह सोची समझी साजिश का हिस्सा था.' हमलावरों के इलाके से भाग जाने की आशंका के बारे में पूछे जाने पर पुलिस अधिकारी ने कहा कि प्रदेश पुलिस बेहद सतर्कता बरत रही है. 


पश्चिम बंगाल की कृष्णगंज विधानसभा से तृणमूल कांग्रेस के विधायक सत्यजीत बिस्वास.

उन्होंने कहा, 'नादिया की सीमा बांग्लादेश से लगती है और इस बात की आशंका है कि वे (हमलावर) पड़ोसी देश भागने की कोशिश कर सकते हैं. सीमा पर आवाजाही पर नजर रखने के लिये पुलिस हाईअलर्ट पर है.' तृणमूल कांग्रेस की तरफ से पूर्व संसद सदस्य रहे रॉय ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से संबंधों में खटास आने के बाद बीजेपी का दामन थाम लिया. 

तृणमूल कांग्रेस के महासचिव पार्थ चटर्जी ने हमले को बीजेपी की साजिश करार देते हुए शनिवार को कहा कि पूरी जांच के बाद हत्या में शामिल लोगों को सजा दी जाएगी. उन्होंने यह भी कहा कि भगवा दल लोकसभा चुनावों से पहले गड़बड़ी फैलाने की कोशिश कर रही है. रॉय और बीजेपी के प्रदेश अध्यक्ष दिलीप घोष ने आरोपों को “निराधार” करार दिया था.