अनोखे अंदाज में बैतूल की बेटी ने सैलिब्रेट किया अपना बर्थडे, लिया ये बड़ा संकल्प

पूजा की सोच कुछ अलग है. वो समाज को संदेश देना चाहती हैं कि जिंदा रहें तो समाज के काम आएं और मरने के बाद जरूरतमंदों के काम आएं.

अनोखे अंदाज में बैतूल की बेटी ने सैलिब्रेट किया अपना बर्थडे, लिया ये बड़ा संकल्प
पूजा ने अपने जन्मदिन पर रक्तदान किया और फिर अंगदान का संकल्प फार्म भरा.

इरशाद हिंदुस्तानी/बैतूल: मध्य प्रदेश (Madhya Pradesh) के बैतूल (Betul) में एक युवती ने अपने जन्मदिन को बहुत ही अनोखे तरीके से मनाया, जो सभी के लिए एक मिसाल बना है. अपने जन्मदिन पर युवती ने पहले रक्तदान किया और फिर अंगदान करने का संकल्प लिया.

पूजा अमझिरे भी दूसरों की तरह अपना जन्मदिन पर सेलीब्रेशन कर सकती थी, पार्टी कर सकती थी. लेकिन, पूजा की सोच कुछ अलग है. वो समाज को संदेश देना चाहती हैं कि जिंदा रहें तो समाज के काम आएं और मरने के बाद जरूरतमंदों के काम आएं.

दरअसल, पूजा को पहले कैंसर था लेकिन उन्होंने कैंसर से जंग जीत ली. अब वो जरूरतमंदों की मदद कर रही हैं. पूजा के इस कार्य की सभी जगह तारीफ हो रही है.

अपने जन्मदिन पर पूजा ने बैतूल जिला अस्पताल के पैथोलॉजी लैब में रक्तदान किया और फिर अंगदान का संकल्प फार्म भरा. पूजा ने बताया कि उनकी हमेशा यही सोच रहती है कि कुछ विशेष हो जिससे उनका बर्थडे यादगार रहे. इस बार उन्होंने रक्तदान के साथ अंग दान करने का भी संकल्प लिया. पूजा ने बताया कि ऐसा करने से मृत्यु के बाद हमारे अंग किसी जरूरतमंद के काम आऐंगे. लोगों के बीच हम मरने के बाद भी हमारे अंग रहेंगे, तो हमारे परिवार को ऐसा लगेगा कि हम भी इस दुनिया में हैं.

पूजा के इस प्रयास पर डॉ अरुण जयसिंघ का कहना है कि ये अच्छा है, पहले लोग अंगदान करने से डरते थे, अब समाज में जागरूकता आ रही है और लोग अपने जन्मदिन पर अंगदान का संकल्प ले रहे हैं.

डॉ अंकिता सीते का कहना है कि इस तरह के कार्य अच्छे लगते हैं. नारी शक्ति इतनी अवेयर हो गई है कि अपने जन्मदिन पर जरूरतमंद के लिए रक्तदान और अंगदान का संकल्प ले रही है. अपने बर्थडे पर और लोगों को भी अंगदान का संकल्प लेना चाहिए, जिससे आपके नहीं रहने पर भी आपके अंग जिंदा रहेंगे.