श्रीगंगानगर: FCI को बेची गेंहू, हुई बारिश, नुकसान की भरपाई करेंगे किसान

नियमों के अनुसार, खरीद एजेंसी को अपना माल समर्थन मूल्य पर बेचने के बाद भी किसानों को इसकी देखभाल करनी पड़ती है.

श्रीगंगानगर: FCI को बेची गेंहू, हुई बारिश, नुकसान की भरपाई करेंगे किसान
सांगरिया, हनुमानगढ़, पीलीबंगा में सबसे अधिक नुकसान हुआ है. (प्रतीकात्मक फोटो)

हरनेक सिंह, श्रीगंगानगर: जिले में हुई बारिश के बाद अनाज मंडियों में एफसीआई की खरीदी गेंहू भींग गई है. जिसके नुकसान की भरपाई किसानों को करनी पड़ेगी. नियमों के अनुसार, खरीद एजेंसी को अपना माल समर्थन मूल्य पर बेचने के बाद भी किसानों को इसकी देखभाल करनी पड़ती है.

बताया जा रहा है कि अनाज को समर्थन मूल्य पर एफसीआई को बेचने के बाद एफसीआई व गेंहू उठाव करने वाले ठेकेदार फर्म की लापरवाही का नुकसान भी किसानों को उठाना पड़ता है. बारिश के दौरान भीगा गेंहू या उसकी मात्रा कम होने पर नुकसान किसानों के जिम्मे डाल दिया जाता है.

श्रीगंगानगर जिले की अनाज मंडियों में एफसीआई के ख़रीदे उठाव नहीं होने के कारण लाखो किवंटल गेंहू का खराब हो चुका है. जो अब किसी भी काम में लेने लायक नहीं है. वैसे अनाज मंडी में भींगे गेंहू को सुखाने के लिए आढ़तिया और किसान दोनों ही मशक्कत करने में लगे है. 

इस संबंध में एफसीआई के जिला मैनेजर लोकेश ब्रह्मभट्ट ने कहा है कि खरीद से लेकर एफसीआई गोदामों में जाने से पहले तक नुकसान की जिम्मेवारी आढ़तिये और किसानों की है.

एफसीआई के अधिकारियों ने चेतावनी के बावजूद खरीदे गए गेहूं के भंडारण की समय पर उचित व्यवस्था नहीं की, जिसके चलते तेज बारिश में सैकड़ों क्विंटल गेहूं भीगकर खराब हो गया. बताया जा रहा है कि राज्य के सांगरिया, हनुमानगढ़, पीलीबंगा में सबसे अधिक नुकसान हुआ है.

इस संबंध में एफसीआई अधिकारियों ने कहा है कि गेहूं की खरीद रिकॉर्ड रही, इसके मुकाबले खरीद बेहद कम रही. इस दौरान उठाव नहीं होने से नुकसान भी बढ़ा है. मुख्यालय सभी केंद्रों से भीगे गए गेहूं की रिपोर्ट भी मंगवा रहा है.