धौलपुर: सचिन पायलट के दौरे के बाद भी शांत नहीं हुआ दो गुर्जर युवकों की मौत का मामला

धौलपुर जिले के बसईडांग थाना इलाके में 30 अगस्त 2019 को पुलिस एवं बजरी परिवहन करने वाले लोगों में हुई मुठभेड़ में मारे गए दो युवकों का मामला फिर से उछलने लगा है. 

धौलपुर: सचिन पायलट के दौरे के बाद भी शांत नहीं हुआ दो गुर्जर युवकों की मौत का मामला
पुलिस की गोली लगने से गुर्जर समाज के दो युवकों की मौत हुई थी.

भानु शर्मा, धौलपुर: राजस्थान के धौलपुर जिले के बसईडांग थाना इलाके में 30 अगस्त 2019 को पुलिस एवं बजरी परिवहन करने वाले लोगों में हुई मुठभेड़ में मारे गए दो युवकों का मामला फिर से उछलने लगा है. शहर में गुर्जर समाज के नेता के निवास पर युवाओं ने बैठक कर आंदोलन करने का निर्णय लिया है, लेकिन आंदोलन से पूर्व गुर्जर समाज के नेता एवं युवाओं ने सरकार से मृतक के आश्रितों को उचित मुआवजे के साथ सरकारी नौकरी दिलाने की मांग रखी है. 

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उसके अलावा पुलिसकर्मियों की गोली से मारे गए दोनों युवकों के आरोपी पुलिस कर्मियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है. गुर्जर समाज के युवा नेता जयवीर पोसवाल और गिरीश गुर्जर ने जानकारी देते हुए बताया कि 30 अगस्त 2019 को गुर्जर समाज के दो युवक बाबू महाराज की तरफ दर्शन करने जा रहे थे, लेकिन बसई डांग थाना पुलिस एवं कोबरा पुलिस फोर्स ने संयुक्त कार्यवाही कर दोनों युवकों को पकड़ लिया. जिसे बजरी माफिया और पुलिस में मुठभेड़ का मामला बताया गया था.

पुलिस की गोली लगने से गुर्जर समाज के दो युवकों की मौत हुई थी. तत्कालीन समय में मामले ने भारी तूल पकड़ा था. राजस्थान के पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट भी सरकार की तरफ से दोनों मृतक युवकों के परिजनों के गांव मोरोली ढांढस दिलाने पहुंचे थे. जिला प्रशासन एवं सरकार की तरफ से मांगों पर सहमति जताई. उसके अलावा दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई करने का आश्वासन भी दिया गया था.

गिरीश ने बताया कि मामले को एक वर्ष गुजर गया, लेकिन गुर्जर समाज को अभी तक न्याय नहीं मिला है. दोनों मृतक युवकों के परिजनों को सरकारी नौकरी नहीं दी गई है. उसके साथ मुआवजे की भी कोई कार्रवाई अभी तक धरातल पर अमल में नहीं लाई गई.दोनों युवकों की हत्या के आरोपी पुलिसकर्मी अभी तक ड्यूटी दे रहे हैं. जिससे गुर्जर समाज में भारी आक्रोश व्याप्त है. उन्होंने बताया कि गुर्जर आरक्षण समिति के संयोजक कर्नल किरोड़ी लाल बैंसला के पुत्र विजय बैंसला के नेतृत्व में आंदोलन की रूपरेखा तैयार कर रहा है. गुर्जर समाज के नेताओं ने जिला प्रशासन और सरकार को सात दिन का अल्टीमेटम देकर चेतावनी दी है कि दोषी पुलिसकर्मियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई के साथ दोनों मृतक युवकों के परिजनों को उचित मुआवजा और सरकारी नौकरी नहीं दी गई तो आंदोलन किया जाएगा.

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