Rajasthan News: ऋण वसूली न्यायाधिकरण ने एक केस में फैसला सुनाते हुए कहा है कि कोई भी वित्तीय संस्था दस्तावेज पर साइन करने के बाद भी कर्जदार व्यक्ति से 60 प्रतिशत ब्याज नहीं वसुल सकती है. आरबीआई ने जो मापदंड तय किए हैं, उसी के आधार पर ब्याज वसूला जा सकता है.