BHU: फिरोज खान ने संस्कृत विद्या धर्म विज्ञान संकाय छोड़ा, अब इस विभाग में देंगे सेवाएं

विश्वविद्यालय प्रबंधन ने फिरोज खान की नियुक्ति अब कला संकाय के संस्कृत विभाग और आयुर्वेद संकाय के संहिता एंव संस्कृत विभाग में कर दी है. 

BHU: फिरोज खान ने संस्कृत विद्या धर्म विज्ञान संकाय छोड़ा, अब इस विभाग में देंगे सेवाएं
विश्वविद्यालय के फैसले के बाद डॉ फिरोज खान ने कला संकाय के संस्कृत विभाग में सेवा देने का फैसला किया है.

विवेक शुक्ला/वाराणसी: बनारस हिंदू विश्वविद्यालय (Banaras Hindu University) में असिस्टेंट प्रोफेसर फिरोज खान (Assistant Professor Feroz Khan) की संस्कृत विद्या धर्म विज्ञान संकाय में नियुक्ति के बाद से लगातार हुए छात्रों के विरोध के आगे आखिरकार यूनिवर्सिटी प्रशासन झुक गया है. विश्वविद्यालय प्रबंधन ने फिरोज खान की नियुक्ति अब कला संकाय के संस्कृत विभाग और आयुर्वेद संकाय के संहिता एंव संस्कृत विभाग में कर दी है. विश्वविद्यालय के फैसले के बाद डॉ फिरोज खान ने कला संकाय के संस्कृत विभाग में सेवा देने का फैसला किया है.

छात्रों ने किया था लंबा विरोध
7 नवंबर से ही डॉ फिरोज खान की नियुक्ति का विरोध छात्र लगातार कर रहे थे. इस दौरान छात्रों ने कक्षाओं का भी बहिष्कार किया था. कुछ दिन पहले ही छात्रों ने अपनी मांगों को लेकर विश्वविद्यालय प्रशासन को 10 दिन का समय दिया था. लेकिन प्रशासन की तरफ से संतोषजनक कार्यवाही न होने पर छात्रों ने एक बार फिर से विरोध शुरु कर दिया था.

दरअसल, छात्रों का ये मानना था कि गैरहिंदू उन्हें धार्मिक कर्मकांड के बारे में कैसे पढ़ा सकता है. इन्हीं सब मांगों को लेकर छात्र लगातार विश्वविद्यालय प्रशासन पर डॉ फिरोज खान की संस्कृत धर्म संकाय में नियुक्ति को रद्द करने की मांग कर रहे थे.

असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ फिरोज ने लिया निर्णय
फिरोज खान को लेकर बीएचयू कार्य परिषद की बैठक दिल्ली में शनिवार को हुई थी. जिसमें आखिरी फैसला फिरोज पर छोड़ने का निर्णय लिया गया था. दरअसल, 29 नवंबर को बीएचयू के आईएमएस के आयुर्वेद संकाय में आने वाले संस्कृत विभाग और 4 दिसंबर को कला संकाय के संस्कृत विभाग में रिक्त पदों के लिए चयन हुआ था. जिसके बाद डॉ फिरोज ने कला संकाय के संस्कृत विभाग में पढ़ाने का फैसला लिया.

लगातार हो रहे विरोध के कारण कुछ रोज पहले डॉ फिरोज खान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था. जिसके बाद उनका साक्षात्कार दूसरे विभाग में नियुक्ति को लेकर हुआ था और अब आधिकारिक तौर पर उनकी नियुक्ति कला संकाय के संस्कृत विभाग में कर दी गई है.
वहीं, डॉ फिरोज खान की दूसरे विभाग में नियुक्ति के बाद अब छात्रों ने विरोध प्रदर्शन खत्म कर दिया है.