मुजफ्फरनगर में दो दिन में 100 से अधिक गायों की मौत, शासन से लेकर प्रशासन तक मचा हड़कंप

राजस्व विभाग और पशुचिकित्सकों का एक दल उन इलाकों में गया है जहां गायों की मौत हुई है ताकि उनकी मौत के कारण का पता लगाया जा सके.

मुजफ्फरनगर में दो दिन में 100 से अधिक गायों की मौत, शासन से लेकर प्रशासन तक मचा हड़कंप
मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं.(फाइल फोटो)

मुजफ्फरनगरः उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर जिले के कुछ गांवों में पिछले दो दिन में 100 से अधिक गायों की मौत हो गई है. गायों की मौत की खबर के बाद प्रशासन ने इसके जांच के आदेश दे दिए हैं. सब डिविजनल मजिस्ट्रेट विजय कुमार ने शुक्रवार को बताया कि गायों की मौत घास चरने के दौरान हुई. ऐसा संदेह है कि इन गायों की मौत की वजह जहरीली घास या दूषित पानी हो सकता है, क्योंकि इनकी मौत घास चरने के दौरान ही हुई है. बता दें गायों की मौत के बाद प्रशासन ने जांच के आदेश देते हुए घास को जांच के लिए भेज दिया गया है.

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उन्होंने बताया कि मामले की जांच के आदेश दिए गए हैं. राजस्व विभाग और पशुचिकित्सकों का एक दल उन इलाकों में गया है जहां गायों की मौत हुई है ताकि उनकी मौत के कारण का पता लगाया जा सके. जानकारी के अनुसार गायों को गौशालाओं से चरागाह लाया गया था. बता दें यह पहली बार नहीं है जब उत्तर प्रदेश में गायों की व्यवस्था को लेकर सवाल उठ रहे है. इससे पहले भी कई बार इस तरह से अचानक हुई गायों की मौत उत्तर प्रदेश की राजनीति में गर्माहट पैदा कर चुकी है, जिससे सरकार भी गायों को लेकर काफी सख्त नजर आ रही है.

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इससे पहले शामली जिले में एक अस्थाई गोशाला में रह रही पांच लावारिस गायों की कथित तौर पर ठंड से मौत हो गई थी और हमीरपुर जिले में ट्रेन से कटकर 36 गायों की मौत हो गई थी. आपको बता दें कि गायों को लेकर पहले भी प्रशासन की लापरवाही सामने आ चुकी है, जिसे लेकर आम जनता में आक्रोश है. लोगों का कहना है कि शासन गायों की सुरक्षा की बात तो करता है, लेकिन इनकी कोई भी उचित व्यवस्था नहीं की जाती.

(इनपुट भाषा)