कानपुर हत्याकांड में संदिग्ध भूमिका रखने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ SIT जांच शुरू

SIT की जांच के दायरे में विकास दुबे के कैशियर और उसके साथी जय बाजपेई का साथ देने वाले एक दर्जन पुलिसकर्मी भी शामिल हैं. अब SIT इस बात की जांच करेगी कि इस कांड में किसकी कितनी भूमिका रही. 

कानपुर हत्याकांड में संदिग्ध भूमिका रखने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ SIT जांच शुरू
सांकेतिक तस्वीर

कानपुर: बिकरू हत्याकांड में विकास दुबे और उसके साथियों का साथ देने में कुछ पुलिसकर्मियों ने भी अपनी भूमिका निभाई थी. घटना की जांच के दौरान ही इन पुलिसकर्मियों को विभाग ने चिह्नित कर लिया था. अब स्पेशल इंस्वेस्टिगेशन टीम इन पुलिसकर्मियों की संदिग्ध भूमिका को लेकर उनके खिलाफ जांच शुरू कर चुकी है. केस से जुड़ी हुई अब तक की जानकारी और सभी अहम दस्तावेज पुलिस के आला अधिकारियों ने SIT को उपलब्ध करा दिए हैं. इसी के आधार पर टीम अपनी ओर से जांच कर रही है. 

बिकरू में हुए 8 पुलिसकर्मियों के निर्मम हत्याकांड में 80 से ज्यादा पुलिसकर्मियों की भूमिका संदिग्ध पाई गई है. इनमें से ज्यादातर पुलिसकर्मी चौबेपुर थाने के हैं. विकास दुबे का गढ़ बिकरू गांव चौबेपुर थाने के अंतर्गत ही आता है. ऐसे में चौबेपुर के लगभग सभी पुलिसकर्मियों को वहां से हटाया जा चुका है. अब SIT इस बात की जांच करेगी कि इस कांड में किसकी कितनी भूमिका रही. 

इसे भी पढ़ें: विकास दुबे के साथी जय बाजपेयी की अवैध संपत्ति की जांच कर सकती है ED, सरकार को लिखी चिट्ठी 

SIT की जांच के दायरे में विकास दुबे के कैशियर और उसके साथी जय बाजपेई का साथ देने वाले एक दर्जन पुलिसकर्मी भी शामिल हैं. इस हत्याकांड में जय बाजपेई और उसके एक साथी डब्बू की भी भूमिका पाई गई है. हत्याकांड वाली शाम को जय बाजपेई अपने साथी डब्बू के साथ बिकरू गांव पहुंचा था और विकास दुबे को हथियार, कारतूस और 2 लाख रुपये दिए थे. 

WATCH LIVE TV