BWF World Badminton Championship: बैडमिंटन वर्ल्ड चैंपियनशिप में किदांबी श्रीकांत और युवा लक्ष्य सेन ने सेमीफाइनल में पहुंचकर नया इतिहास रच दिया है. इन दोनों ने अपने मैच जीतकर भारत के लिए सिलवर मेडल पक्का कर दिया है. वहीं, महिला एकल मुकाबले में पी वी सिंधु को हार का सामना करना पड़ा है.
साल 2019 भारत में खेलों के लिए से भले ही बहुत ज्यादा खास न रहा हो लेकिन इसके बाद भी यह साल भारत के खेलों के लिहाज से तरक्की का ही रहा. ज्यादातर खेलों में अगले साल टोक्यो में होने वाले ओलंपिक (Tokyo 2020) के लिए तैयारी ही करने में लगे रहे. क्रिकेट में इस साल इंग्लैंड में हुआ आईसीसी विश्व कप (ICC World Cup) खेलों का सबसे बड़ा इवेंट रहा.
नई दिल्ली: दुनिया भर में भारत का नाम रौशन कर वर्ल्ड बैडमिंटन चैंपियन पीवी सिंधु भारत लौट आई हैं. प्रशंसकों ने दिल्ली एयरपोर्ट पर उनका जबरदस्त स्वागत किया. इस मौके पर मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि मैं बहुत खुश हूं, मुझे अपने भारतीय होने पर बहुत गर्व है. मैं अपने कोच का धन्यवाद करना चाहती हूं. मैं अपने सपोर्टर्स का भी धन्यवाद करना चाहती हूं. उन्होंने कहा कि नेशनल एंथम के समय मैं बहुत ज्यादा भावुक हो गई थी. यह टूर्नामेंट बाकी टूर्नामेंट की तरह ही था लेकिन हां ओलंपिक से पहले एक नया बूस्ट मिलेगा.
सिंधु ने जीत के बाद गोल्ड मेडल अपनी मां को समर्पित करते हुए कहा- 'Happy B'day MOM'
कोच पुलेला ने पीवी सिंधु के अलावा परुपल्ली कश्यप, सायना नेहवाल, बी सुमित रेड्डी, एन सिक्की रेड्डी, गुरुसाई दत्त, बी. साई प्रणीत जैसे खिलाड़ियों अकादमी में ट्रेनिंग दी है.
इस जीत के साथ ही सिंधु विश्व चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल जीतने वाली पहली भारतीय खिलाड़ी बन गई हैं.
इस खिताब को जीतने वाली वह भारत की पहली महिला शटलर बन गई हैं.
बैडमिंटन विश्व चैम्पियनशिप में पीवी सिंधु ने फाइनल में जगह बना ली है.
बैडमिंटन विश्व चैम्पियनशिप में भारत के एचएस प्रणॉय और बी.साई प्रणीत प्री-क्वार्टर फाइनल में पहुंच गए हैं.
विश्व बैडमिंटन चैम्पियनशिप में भारत केसमीर वर्मा को पहले ही दौर में उलटफेर का शिकार होना पड़ा.
विश्व चैम्पियनशिप आज से शुरू हो रही है. इसमें भारत की ओर से सिंधु, सायना और श्रीकांत पर नजर रहेगी.
पीवी सिंधु एक बार फिर कैरोलिना मारिन से हार गईं और विश्व बैडमिंटन चैम्पियनशिप में उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा
पीवी सिंधु और कैरोलिना मारिन इससे पहले रियो ओलम्पिक-2016 के फाइनल में दो साल पहले भिड़ी थीं जिसमें मारिन ने सिंधु को पहला ओलम्पिक स्वर्ण पदक जीतने से रोक दिया था.
सिंधु ने पिछले साल भी इस टूर्नामेंट में रजत पदक जीता था. पिछले साल जापान की नोजोमी ओकुहारा ने सिंधु को फाइनल में मात दी थी.
पीवी सिंधु ने रोमांचक मुकाबले में जापान की नोजोमी ओकुहारा को 21-17, 21-19 से हराकर विश्व बैडमिंटन चैम्पियनशिप के सेमीफाइनल में प्रवेश किया.
विश्व बैडमिंटन चैम्पियनशिप में भारतीय खिलाड़ियों के बाहर होने का सिलसिला जारी है. सायना नेहवाल और किदांबी श्रीकांत के बाद बी साई प्रणीत भी बाहर हो गए हैं.
लंदन ओलंपिक की कांस्य पदक विजेता सायना की हार का साफ मतलब यह है कि पीवी सिंधु इस चैंपियनशिप में एकमात्र भारतीय चुनौती शेष रह गई हैं.
पिछले साल विश्व बैडमिंटन चैंपियशनशिप के फाइनल में ही सिंधु को ओकुहारा के हाथों हार का सामना करना पड़ा था.
इससे पहले, डारेन ने 2012 मलेशिया ओपन और 2013 मलेशिया ग्रांप्री में वर्ल्ड नम्बर-10 श्रीकांत को मात दी थी.
विश्व बैडमिंटन चैम्पियनशिप में शीर्ष भारतीय बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु और किदांबी श्रीकांत ने अपने-अपने वर्ग के मुकाबले जीत लिए और अगले दौर में जगह बना ली.
साइना का अगला मुकाबला अपनी पुरानी प्रतिद्वंदी और वर्ल्ड नम्बर-4 रत्चानोक इंतानोन से होगा.
भारत को एकल वर्ग के साथ-साथ युगल वर्ग की स्पर्धाओं में भी सफलता हासिल हुई.