सरकार के 'चाबुक' से व्यापारियों की बढ़ने लगी धड़कनें, बाजार में घटे प्याज के दाम

सरकार की तरफ से उठाए गए कदम के चलते ही प्याज के होलसेल दाम में भारी गिरावटी देखी गई. 

सरकार के 'चाबुक' से व्यापारियों की बढ़ने लगी धड़कनें, बाजार में घटे प्याज के दाम
देश की सबसे बडी मंडी लासलगाव में सोमवार को प्याज के दाम में भारी गिरावट देखी गई.(फाइल फोटो)

नासिक: देश की सबसे बडी मंडी लासलगाव में सोमवार को प्याज के दाम में भारी गिरावट देखी गई. सोमवार को (9 दिसंबर) लाल प्याज के दाम का अधिकतम मूल्य प्रतिक्विंटल के लिए 5700 रुपए था. तो औसत मूल्य 4200 रुपए था. वहीं छोटे प्याज को कम से कम 2100 रुपए प्रति क्विंटल दाम मिला है. सरकार की तरफ से उठाए गए कदम के चलते ही प्याज के होलसेल दाम में भारी गिरावटी देखी गई. लासलगाव एपीएमसी मार्केट की चेअरमन सुवर्णा जगताप के मुताबीत सरकार के प्याज के दाम नियंत्रण में लाने के लिए किए गए फैसलों से ही होलसेल मार्केट में दाम गिरे है.

सोमवार को लासलगाव मंडी में लाल प्याज के दाम का अधिकतम मूल्य प्रतिक्विंटल के लिए 5700 रुपए था. तो औसत मूल्य 4200 रुपए था. वहि छोटे प्याज को कमसे कम 2100 रुपए प्रति क्विंटल दाम मिला है. महाराष्ट्र के साथ अन्य राज्यों से लासलगाव मंडी में प्याज की आवक बढी है. इसी कारण प्याज के दाम गिरावट हुई है.

घटे दाम से प्याज उत्पादक किसान चिंता में है. लासल गाव मंडी में 5 हजार 248 प्रतिक्विंटल प्याज की आवक हुई है. लासलगाव में शुक्रवार को लाल प्याज के दाम प्रतिक्विंटल 9900 रुपए प्रतिक्विंटल के था. और 3 हजार 274 क्विंटल लाल प्याज की आवक हुई थी. पिछले सप्ताह लाल प्याज का औसत मुल्य प्रतिक्विंटल 7000 था.

लासलगाव एपीएमसी मंडी कि चेअरमन सुवर्णा जगताप बताती है कि, प्याज के बढते दाम के बाद सरकार ने कदम उठाए. इजिप्त, तुर्की से इक्कीस हजार मेट्रीक टन प्याज आयात करने का निर्णय लिया है. होलसेस व्यापरीयोंके लिए 25 मेट्रीक टन प्याज और रिटेल व्यापारी के लिए 5 मेट्रीक टन प्याज स्टोअरेज करेन की अनुमती दिई.व्यापारियों के लिए प्याज की स्टॉक लिमिट तैय होने के कारन मंडी में आवक बढी है. साथ ही गुजरात , मध्यप्रदेश , राजस्थान, कर्नाटक, आंध्रप्रदेश से प्याज लासलगाव मंडिमें पहुचा है.

प्याज की कृत्रिम दाम बढाने को साथ ही नियमोंका पालन हो रहा है क्या इसके लिए गोदाम में प्रशासन की कडी नजर पड गई. सट्टेबाज के खिलाफ कार्रवाई के साथ मौसमी कमी का फायदा उठाकर कृत्रिम रूप से प्याज के दाम बढ़ा रहे क्या इसपर इसपर भी ध्यान था. गोदाम पर सरकार के सक्तीके चलते व्यापारीयोंने भी प्याज को मंडियोमें भेजन उचीत समझा. जिससे आवक बढकर लासलगाव मंडिमें प्याज के दाम घटे है .वहि प्याज उत्पादक किसान रामनाथ आहेर का कहाना है की , केंद्र सरकार ने प्याज के दाम नियंत्रण में लाने के लिए जो उपाय कर रही है , इसके नीतेजे में होलसेल मार्केट में प्याज के दाम गिर रहे है. केंद्र सरकार को प्याज उत्पाद किसानों के बारेमें सोचना चाहिए.