Zee Rozgar Samachar

'GST' के नए नियम पर मचा बवाल, वित्त मंत्रालय ने कहा 'सब गलतफहमी है'

GST New Rule: कारोबारियों ने GST को लेकर सरकार के नए नियम के खिलाफ आवाज उठानी शुरू कर दी है, उनका कहना है कि इससे छोटे कारोबारियों पर बुरा असर पड़ेगा उनका कारोबार करना मुश्किल हो जाएगा, इस पर वित्त मंत्रालय ने सफाई जारी की है. 

ज़ी न्यूज़ डेस्क | Dec 27, 2020, 09:42 AM IST

नई दिल्ली: 1 परसेंट GST पेमेंट कैश में करने के नियम को लेकर विवाद उठने के बाद वित्त मंत्रालय ने इस पर सफाई जारी की है. वित्त मंत्रालय ने कहा है कि इस नए नियम के दायरे में एक परसेंट से भी कम टैक्सपेयर्स आएंगे जिन पर इसका असर होगा. छोटे कारोबारियों पर इसका असर नहीं होगा. 

 

1/5

क्या है GST का नया नियम

what is gst cash payment rule

दरअसल, जीएसटी के इस नियम के तहत हर व्यापारी जिसका महीने का कारोबार 50 लाख रुपये से ज़्यादा है, उसे एक परसेंट GST देनदारी को कैश में जमा करना होगा. इसका मकसद फर्जी बिलों के जरिए होने वाली टैक्स चोरी को रोकना है. वित्त मंत्रालय ने 22 दिसंबर को एक अधिसूचना में जीएसटी नियमों में नियम 86B जोड़ने के बारे में बताया था.

2/5

'छोटे कारोबारियों पर कोई असर नहीं होगा'

no impact on small traders

टैक्स डिपार्टमेंट के अधिकारियों का कहना है कि इस तर्क में कोई सच्चाई नहीं है कि इस नियम से छोटे कारोबारियों पर असर पड़ेगा और उनकी वर्किंग कैपिटल जरूरतें बढ़ जाएंगी. इस नियम के बारे में लोगों के मन में फैली गलतफहमी का कोई आधार नहीं है. 

 

3/5

'सिर्फ 45,000 कारोबारियों पर ही असर'

impact only on 45,000 taxpayers

वित्त मंत्रालय के एक सीनियर अधिकारी ने कहा कि नियम साफ है कि जहां रेवेन्यू को ज्यादा रिस्क है, ये नियम वहां यह लागू होगा. इस नियम से केवल 45,000 टैक्सपेयर्स पर ही असर पड़ेगा. जो 1.2 करोड़ टैक्स बेस का मात्र 0.37 परसेंट है. उन्होंने कहा कि, इस नियम से ईमानदार डीलर और कारोबारियों पर कोई असर नहीं पड़ेगा. 

4/5

टैक्स की गणना 1 महीने की टैक्स देनदारी पर होगी

tax calculation on liability

टैक्स अधिकारियों ने कहा कि '1 परसेंट कैश भुगतान की गणना एक महीने की टैक्स देनदारी पर होगी, न कि एह महीने के टर्नओवर पर. उदाहरण के लिए अगर किसी टैक्सपेयर का मासिक टर्नओवर 100 रुपये है तो उसे 12 फीसदी टैक्स देना होगा. इसमें उसे केवल एक फीसदी यानी 0.12 पैसे कैश देना होगा. 

5/5

व्यापारियों ने नियम वापस लेने की मांग की

CAIT opposed the new rule

व्यापारियों के संगठन कंफेडरेशन ऑफ ऑल इंडिया ट्रेडर्स (CAIT) ने GST में नियम 86B को रोकने की मांग की है. CAIT ने इस बारे में शुक्रवार को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को चिट्ठी भी लिखी थी, चिट्ठी में इस नियम को तुरंत स्थगित करने की मांग की. CAIT के महासचिव प्रवीण खंडेलवाल ने सीतारमण को भेजे पत्र में कहा है कि अब समय आ गया है जब एक बार सरकार को व्यापारियों के साथ बैठकर GST टैक्स सिस्टम की समीक्षा करनी चाहिए और इसे आसान बनाना चाहिए.