कठुआ गैंगरेप केस: सांप्रदायिक ताकतों को नकारने पर जम्मू की जनता को सीएम महबूबा मुफ्ती ने सराहा

खानाबदोश बकरवाल मुस्लिम समुदाय की एक बच्ची 10 जनवरी को अपने घर के पास से लापता हो गई थी और एक सप्ताह बाद उसका शव उसी इलाके में मिला था.

कठुआ गैंगरेप केस: सांप्रदायिक ताकतों को नकारने पर जम्मू की जनता को सीएम महबूबा मुफ्ती ने सराहा
जम्मू-कश्मीर की मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती. (फाइल फोटो)

श्रीनगर: मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती ने सांप्रदायिक ताकतों को खारिज करने और कठुआ में आठ वर्षीय लड़की के साथ बलात्कार एवं हत्या मामले में न्याय के लिए जम्मू के लोगों के समर्थन पर शनिवार (14 अप्रैल) को उनकी सराहना की. महबूबा ने एक ट्वीट में कहा, ‘‘जम्मू के लोगों ने जिस तरह से सांप्रदायिक ताकतों को खारिज किया और एक नन्ही बच्ची को अपना समर्थन दे रहे हैं उसकी मैं सराहना करती हूं.’’ उन्होंने कहा, ‘‘इसने मेरे विश्वास को मजबूत किया है कि जम्मू, समावेशिता का एक मॉडल का काम करता है और एक साथ जम्मू-कश्मीर के लोग धर्मनिरपेक्ष एकता और नैतिक बुलंदी को प्रेरित करते हैं.’’

इससे पहले एक ट्वीट में मुख्यमंत्री ने आरोपपत्र दाखिल करने में अपराध शाखा को रोकने के मामले में कठुआ में वकीलों के एक कथित प्रयास का संज्ञान लेने के उच्चतम न्यायालय के कदम पर संतोष व्यक्त किया.

उन्होंने कहा, ‘‘कठुआ बलात्कार और हत्या मामले में कुछ वकीलों द्वारा न्याय में रुकावट का प्रयास पर उच्चतम न्यायालय की ओर से संज्ञान लेने कर खुशी हुयी और इसने हमें एक बार फिर इस देश की महानता का अहसास कराया.’’

कठुआ में आरोपियों के समर्थन में एक रैली में शामिल होने वाले भाजपा के मंत्री चौधरी लाल सिंह और चंदर प्रकाश ने शुक्रवार (13 अप्रैल) को पार्टी की राज्य इकाई के अध्यक्ष सत शर्मा को अपना इस्तीफा सौंपा है. उल्लेखनीय है कि खानाबदोश बकरवाल मुस्लिम समुदाय की एक बच्ची 10 जनवरी को अपने घर के पास से लापता हो गई थी और एक सप्ताह बाद उसका शव उसी इलाके में मिला था. गांव के ही एक मंदिर में एक सप्ताह तक उसके साथ कथित तौर पर छह लोगों ने बलात्कार किया. पीड़िता की हत्या करने से पहले नशीला पदार्थ देकर उसके साथ कई बार बलात्कार किया गया था. इस घटना के बाद से संपूर्ण भारत में रोष देखने को मिला.

रैली में स्थिति को शांत करने के लिए शामिल हुए - भाजपा नेता चौधरी लाल सिंह
वहीं दूसरी ओर कठुआ में एक बच्ची के साथ बलात्कार एवं हत्या के मामले के आरोपियों के समर्थन में निकाली गई रैली में शामिल होने के अपने कदम का बचाव करते हुए भाजपा नेता चौधरी लाल सिंह ने शनिवार (14 अप्रैल) को कहा कि ऐसा मौजूदा स्थिति को शांत करने और सामान्य स्थिति बहाल करने के लिए किया गया.

जम्मू-कश्मीर की गठबंधन सरकार में शामिल भाजपा नेता सिंह और चंदर प्रकाश गंगा ने मामले में 13 अप्रैल को इस्तीफा दे दिया था. चौधरी ने कहा, ‘‘करीब 15 दिन पहले प्रवास के कारण उत्पन्न हुई स्थिति का शांत करने के लिए यह कदम उठाया गया. हमने उनसे कहा कि उन्हें वापस जाना चाहिए. अब्दुल गनी कोहली (मंत्री) को पीड़िता के घर भेजा गया था, ताकि वहां अप्रिय स्थिति उत्पन्न न हो.’’

(इनपुट एजेंसी से भी)