नागौर: बहू के अत्याचार से परेशान बुजुर्ग दंपति ने की इच्छामृत्यु की मांग

बुजुर्ग दंपति अपनी जिंदगी के अंतिम पड़ाव पर है और दवाइयों के सहारे अपनी बीती जिंदगी गुजार रहा था. इसी बीच लालची बहू ने बुजुर्ग दंपति को घर से निकाल बेघर कर दिया.

नागौर: बहू के अत्याचार से परेशान बुजुर्ग दंपति ने की इच्छामृत्यु की मांग
बुजुर्ग दंपति दवाइयों के सहारे अपनी जिंदगी गुजार रहा था.

हनुमान तंवर, नागौर: जिले के डीडवाना के नजदीकी धनकोली गांव में रहने वाले एक बीमार बुजुर्ग दंपति को बहू ने घर से निकाल दिया. उन्हें रहने को ठिकाना नहीं मिला तो मंदिर में शरण ली. वहीं प्रशासन से कार्रवाई की मांग करते हुए इच्छा मृत्यु की मांग की है.

दरअसल, बुजुर्ग दंपति अपनी जिंदगी के अंतिम पड़ाव पर है और दवाइयों के सहारे अपनी जिंदगी गुजार रहा था. इसी बीच लालची बहू ने बुजुर्ग दंपति को घर से निकाल बेघर कर दिया और यह बुजुर्ग अपना घर दिलवाने की मांग को लेकर डीडवाना के उपखंड अधिकारी के पास पहुंचा. उपखंड अधिकारी की तबीयत ठीक नहीं होने पर बुजुर्ग दंपति घंटों इंतजार करता रहा लेकिन उपखंड अधिकारी खुद बीमारी का बहाना बनाकर अपने आवास से नीचे ही नहीं आए तो ये लोग तहसीलदार के पास पहुंचे मगर तहसीलदार भी गायब मिले.

डीडवाना के एडीएम का पद बीते 6 महीने से ज्यादा वक्त से खाली पड़ा है आखिर फरियाद किसको सुनाए. फिर दंपति को किसी ने तहसीलदार के घर जाकर मिलने की सलाह दी तो लड़खड़ाते कदमों से एक-दूसरे को थामते बुजुर्ग दंपति तहसीलदार के आवास पहुंचे और अपनी फरियाद सुनाई.

डीडवाना तहसीलदार ने बुजुर्ग दंपति की फरियाद सुनकर मौलासर थाना अधिकार को बुजुर्ग दंपति के साथ जाकर घर में प्रवेश करवाने और बहू को पाबंद करने के साथ साथ बुजुर्ग दंपति को ध्यान रखकर भरण पोषण के लिए पाबंद करने के निर्देश दिए. थानाधिकारी को पालना रिपोर्ट पेश करने की बात कही है.