राजस्थान: 9 सालों से स्वाइन फ्लू का आतंक, 1 हजार से ज्यादा लोगों की मौत

जिका वायरस के चलते राजस्थान के चिकित्सा विभाग की देश-दुनिया में काफी किरकिरी हुई थी और बड़ी मुश्किल से वायरस को कंट्रोल किया गया था. 

राजस्थान: 9 सालों से स्वाइन फ्लू का आतंक, 1 हजार से ज्यादा लोगों की मौत
फाइल फोटो

जयपुर: राजस्थान में बीते 9 साल के दौरान 1 हजार से ज्यादा लोगों की स्वाइन फ्लू के चलते मौत हो चुकी है. राजस्थान में कांग्रेस सरकार के मुखिया अशोक गहलोत, उप मुख्यमंत्री सचिन पायलट और स्वास्थ्य मंत्री रघु शर्मा समेत पूरी ब्यूरोक्रेसी जिस रोग को नियंत्रित करने में लगी हुई है, उसी रोग की चपेट में ब्यूरोक्रेसी के मुखिया की पत्नी और सीनियर आईएएस अधिकारी भी आ चुके हैं.

पिछले साल जिका वायरस के चलते राजस्थान के चिकित्सा विभाग की देश-दुनिया में काफी किरकिरी हुई थी और बड़ी मुश्किल से वायरस को कंट्रोल किया गया था. राजस्थान में अब स्वाइन फ्लू बहुत तेजी से पैर पसार रहा है राज्य में बीते 2 महीने 6 दिन के अंदर के अंदर 153 मौत हो चुकी है और 4 हजार से ज्यादा लोग पॉजिटिव पाए जा चुके हैं.

वर्ष 2010 में 11 जने स्वाइन फ्लू से मरने वालों की संख्या
2011 में स्वाइन फ्लू से 60, 2012 में 165, 2013 में 165, 2014 में 34, 2015 में 472, 2016 में 46, 2017 में 280, 2018 में 225 और 2019 में दो महीने 6 दिन के अंदर '153'' लोगों की मौत हो चुकी है.

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यह बीमारी 1 हजार से ज्यादा लोगों को अपना शिकार बना चुकी है. राजस्थान स्वाइन फ्लू पॉजिटिव केसों के मामले में देश में पहले पायदान पर है. हालांकि एक बड़ा सच ये भी है कि राजस्थान में स्वाइन फ्लू से जो मौतें हुई है उसमें मरीजों की भी गलती है. मरीज सही समय से अस्पताल ईलाज के लिए नहीं पहुंचे यानि स्वाइन फ्लू लाईलाज बीमारी नहीं है. बशर्ते सही समय से पहचान करके इसका उपचार लिया जाए.